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vijay mallya (kingfisher)

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vijay mallya kingfisher ki story
vijay mallya kingfisher ki story

vijay mallya को कौन नहीं जानता एक बड़ा प्रसिद्ध व्यवसायी इतना बड़ा व्यवसाय स्थापित कर अचानक से कर्ज में डूब कर अपनी अच्छी स्थिति का पतन कर दिया जिसे एक समय पर भगोड़ा घोषित कर दिया गया था। 

विजय विट्ठल माल्या एक भारतीय व्यापारी और पूर्व संसद सदस्य थे वह भारत में वित्तीय अपराधों के आरोपों का सामना करने के लिए यूके से उसे वापस करने के भारत सरकार के प्रत्यर्पण प्रयास का विषय है। 

माल्या रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर क्रिकेट टीम के पूर्व मालिक पुत्र थे। तब से वह बहुत विख्यात हो गए थे। vijay mallya,  विट्ठल  माल्या  के पुत्र, 28 वर्ष  की  उम्र  में व्यवसाय  की दुनिया में अपना  कदम  रखा।

उन्होंने अपने  पिता  की  मृत्यु   के बाद 1983 में  यूनाइटेड ब्रेवरीज ग्रुप की  अध्यक्षता  की  जिम्मेदारी ली। तथा इस  ग्रुप के अध्यक्ष  के  रूप  में उन्होंने  भारत में  अल्कोहल  जिसको  किंगफिशर  के नाम से भी  जाना  जाता है  जिसके  कई  उत्पाद है शायद ही  कोई   किंगफिशर  से  बेखबर  होगा।

इसके  साथ-साथ उन्होंने  विमान अवसंरचना में भी अपना  योगदान दिया। अपने शुरुआती दौर में ही  1983 में यूनाइटेड ब्रेवरीज ग्रुप के अध्यक्ष बनने के बाद ही इस समूह ने 60 से अधिक कंपनियों का विस्तार करते हुए एक बड़ी बहुराष्ट्रीय समूह में बदल लिया।

 अपने व्यवसाय दुनिया में कदम रखते हुए 1988 में बरजर पेंट्स बेस्ट वैप कॉम, ब्रंटन जैसी कंपनियों का स्वामित्व लिया। यहां तक ही सीमित नहीं था। vijay mallya ने आगे इन्हें 1990 में बेंगलुरु केमिकल्स एंड फर्टिलाइजर्स का स्वामित्व भी लेकर अपने व्यवसाय में नए पंख लगाए।

जैसा कि आप जानते हैं यूनाइटेड कि किंगफिशर बियर को भारत में बाजार में लाने में माल्या की ही महत्वपूर्ण भूमिका थी जिसका बाजार में 50% से अधिक पर चलता है तथा अंतरराष्ट्रीय बाजार में 52 अलग देशों में यह उपलब्ध है।

यूबी ग्रुप की स्पीड लिमिटेड माल्या की अध्यक्षता में माल्या ने 100 मिलियन की बिक्री कर इस कंपनी को विश्व की दूसरी सबसे बड़ी स्पीड कंपनी बना दिया। किसी कारण वर्ष 2012 में vijay mallya ने यूनाइटेड स्पिरिट्स लिमिटेड के प्रबंधन कार्य को दिया जिओ को दे दिया जिसकी इस व्यवस्था में कमी से डाली थी।

इस समय से ही माला के व्यवसाय में  की शुरुआत होने लगी। इतने विशाल व्यवसाय स्थापित करने के बाद शायद ऐसा होना दुर्भाग्यवश था। माल्या को 2015 में यूनाइटेड स्प्रिट्स के अध्यक्ष के रूप में इस्तीफा देने के लिए मजबूर किया गया तथा बदले में 75 मिलियन डॉलर का भुगतान करने का सौदा किया गया।

परंतु भारत के न्यायालयों ने कुछ अवैध गतिविधियों के कारण इस सौदे को होने से रोके रखा। परिणाम स्वरुप व्यवसाय के सारे आयामों का पतन होना शुरू हो गया। कर्ज में डूबते डूबते 2005 में स्थापित प्रमुख किंगफिशर एयरलाइंस चुम्मा ले द्वारा एक प्रसिद्ध व्यवसाय उद्यमिता।तथा यह भी दिवालिया होने के कारण इसे बंद करना पड़ा।

गौरतलब है यह बात है कि माल्या ने अपने कर्मचारियों को भी 15 महीनों के। वेतन का भुगतान नहीं किया था। इतने बुरे हालात हो गए कि उसे इस एयरलाइन का लाइसेंस भी खो दिया कर इतना था कि बैंकों से एक बिलियनन डॉलर से अधिक बकाया ऋण जमा हो गया था। बकाया कर व बकाया ऋण सब तरीके से आर्थिक संकट vijay mallya पर आ चुका था।

इतनी बुरी हालत हो गई थी कि छोटे लेनदार ओ का बिल बकाया था भारतीय कानून के तहत माल्या को विलफुल डिफॉल्टर का आरोप लगाया गया जिसका आ अर्थ है उसने जानबूझकर ऐसा किया। जिसमें मनी लॉन्ड्रिंग, गलत, व्यवहार आदि के आरोप माल्या पर लगाए गए।बैंकों में कर्ज इतना बढ़ गया। vijay mallya विदेश जाकर बस गया विदेश जाने से रोकने के लिए बैंकों के एक संघ ने सर्वोच्च न्यायालय में याचिका की कि वह माल्या को विदेश जाने से रोके परंतु वह मैं पहले ही भारत से फरार हो चुका था।

ऐसा समय आ गया था कि भगोड़े शराब कारोबारी vijay mallya ने कहा कि के पास अब ना रहने को ना खाने को कुछ भी नहीं है और ब्रिटेन की अदालतों में चल रहे मामलों में कानूनी फीस का भुगतान करने के लिए भी पैसे नहीं है। vijay mallya ने कानूनी नियंत्रण में पड़ी अपनी कई लाख लाख रूपए की राशि  निकालने की छूट दिए जाने की मांग की।

13 मार्च 2016 को एक अदालत ने माल्या की गिरफ्तारी के लिए गैर जमानती वारंट लागू किया। परंतु vijay mallya के वकील यह सिद्ध कर रहा था कि माल्या के पास अभी भी लंदन में संपत्ति है। तथा मुंबई में भी माल्या के खिलाफ वारंट जारी किया गया।

जून 2016 मे ईडी ने माल्या के खिलाफ संपत्ति जप्त की इसके अलावा ईडी ने मान लिया कि कई विदेशी संपत्तियां जो अमेरिका ब्रिटेन और यूरोप में थी उनके लिए भी कानूनी पत्र भेजने का निर्णय लिया।

इस तरह के से धीरे-धीरे मालिया के सारे कर्ज पता चलता गया। भारत सरकार को ब्रिटेन में चल रही गुप्त गतिविधियों के बारे में बिल्कुल मालूम नहीं है जो माल्या के प्रत्येक चरण में देरी कर रही है।

विदेश मंत्रालय ने सुप्रीम कोर्ट को सूचित किया है कि ब्रिटिश सरकार ने vijay mallya के प्रति अप्रैल की समय सीमा। निर्धारित नहीं कर रखी है ब्रिटिश उच्चायुक्त सर फिलिप बटन ने पहले कहा था कि विदेश मंत्रालय ने उच्चतम न्यायालय को सूचित किया है कि यूके में उच्चतम न्यायालय द्वारा शराब कारोबारी vijay mallya के प्रत्येक चरण में आदेश अभी तक लागू नहीं हुए।

समाचार एजेंसी एपी के मुताबिक केंद्र सरकार ने शीर्ष अदालत से कहा है कि ब्रिटेन में चल रही गुप्त गतिविधि की अभी तक कोई जानकारी नहीं है समाचार एजेंसी की रिपोर्ट में सॉलीसीटर जनरल हेलो सर मेहता ने कहा है कि सरकार ना तो ऐसी स्थिति वाली कार्रवाई से कभी अवगत है। ना ही ब्रिटेन के सुप्रीम कोर्ट में कोई पक्ष है जिसने मालिया के प्रति अपना को मंजूरी दी थी।

जुलाई 2020 में भारतीय मीडिया ने बताया कि माल्या ने 139 बिलियन रुपए का सेटलमेंट पैकेज देने का प्रस्ताव प्रस्तुत किया ताकि बैंकों से हो रहे हैं कर्ज मुक्ति से उसे राहत मिले परंतु यह प्रस्ताव भी विफल रहा। यह समझौता बैंकों द्वारा स्वीकार नहीं किया गया था।

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dairy farming in hindi

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dairy farming in hindi
dairy farming

How to start dairy farming in hindi ?

dairy farm लगाना बहुत ही आसान तरीका का इसके लिए आपको थोड़ी तो मेहनत करनी ही होगी क्योंकि जिस काम मे ईमानदारी होती है उसमें ही सफलता मिलती है, डेयरी फार्म लगाना बहुत ही आसान हो चुका है और अब तो सरकार भी लोन देती है राज्य सरकार व केंद्र सरकार दोनों से अच्छी खासी डेयरी फार्म लगाने के लिए आप लोन ले सकते है, प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के तहत भी आप लोन ले सकते है।

डेयरी लगाने है अगर आपको तो डेयरी के बारे में जानना बहुत जरूरी है किस तरह के गाय व बकरी अपने फार्म में रखे जिससे आपको फायदा हो, और आप क्या खिलाये की गाय या भैंस अधिक दूध दे व गोबर का किस तरह से खाद बना सकते है इसकी जानकारी होना बहुत जरूरी है। डेयरी में साफ कैसे रखे जिसे पशु बीमार न हो इसकी भी जिम्मेदारी रखनी होती है जिसे किसी भी तरह की लापरवाही न हो, और पालतू पशु सुरक्षित रहें।

डेयरी फार्म आज के समय मे एक अच्छा कारोबार हो सकता है यदि आप मेहनत करते है, क्योकि आत्मनिर्भरता की बात कही जाती है तो हम लोकल फ़ॉर वोकल की ओर देखते है और ऐसे में लोकल फ़ॉर वोकल करने में डेयरी फार्म बहुत ही उपयोगी साबित होगा।

राष्ट्रीय डेयरी योजना :

देश मे दुग्ध उत्पादन को ध्यान में रखते हुए केंद्र सरकार ने डेयरी फार्म को बढ़ावा देने के लिए राष्ट्रीय डेयरी योजना (NDP) की शुरुआत 2012 में किया, इसमें 17 हजार करोड़ रुपये लगाये गए और यह योजना आज सफल रहा है। साथ ही केंद्र सरकार ने पशु पोषण एप्पलीकेशन का शुभारंभ किया है जिसे किसानों का आय दुगनी हो और खेती के साथ dairy farming कर सके व दुग्ध उत्पादन कर अपने नजदीक में बेंच सके, केंद्र सरकार ने विभिन्न परीक्षण केंद्र भी खोले है जिसे आप प्रशिक्षित हो सकते है।

ऑपरेशन फ्लड क्या है?

dairy farming का उद्देश्य एक यह रहा है कि हम दुग्ध के मामले में इतने सशक्त हो जाए कि हमें किसी दूसरे देश की जरूरत महसूस न हो इसी उद्देश्य से ऑपरेशन फ्लड की शुरूआत हुआ है। श्वेत क्रांति की सहायता से भारत ने दुनिया के सबसे बड़े दुग्ध उत्पादन करने का लक्ष्य को सिद्ध किया है।

dairy farming के लिए गाय भैंस का चुनाव कैसे करें?

डेयरी फार्म के लिए गाय या भैंस का उन्नत नश्ल का होना बहुत जरूरी है, नेशनल डेयरी रिसर्च इंस्टीट्यूट (NDRI) ने उन्नत नश्ल के लिए बहुत ही सराहनीय कदम उठाया है, इस योजना का क्रियान्वयन भी हुआ और बंझा का जो कयास लगाया जाता रहा है वह मिथक टूट गया है। गाय के बहुत से उन्नत नश्ल है उसमें शीर्ष में सहिवाल, जर्सी, गीर, करन फ्राइ व लाल सिंध आदि उचित व उन्नत नश्ल के गाय है जिसका चुनाव आप डेयरी के लिए कर सकते है। भैंस के भी बहुत से नश्ल है देशी भैंस या फिर ब्रीड वाले भैंस लगभग समान दूध देते है, ऐसे में गाय व भैंस का चुनाव ध्यानपूर्वक करें।

डेयरी के कैसे बनाये?

• डेयरी के लिए आपको साफ सुधरे जगह का चुनाव करना होगा, जिससे आप गाय भैंस की सेवा आसानी से कर सके व उसका सुरक्षा ध्यान रखें।

• डेयरी में पानी की 24×7 व्यवस्था होना चाहिए, जिसे पशुओं को पर्याप्त मात्रा में समय समय पर पानी मिल सकें।

• गोबर व मूत्र का निपटारा की व्यवस्था सुरक्षित रूप से होना चाहिए।

• अलग अलग पशुओं के लिए दाना-पानी के लिए अलग अलग छोटी छोटी टंकी जहाँ बंधे होते है वहाँ पर होना चाहिए।

• पशुओं को मच्छर व मक्खी से बचाव के लिए पंखे की व्यवस्था होनी चाहिए।

• पर्याप्त मात्रा में पशुओं के लिए चारा, भूंसा, पैरा (सूखा घास) सूखा घास को हेय कहते है इसमें हरे चारे जितना पौस्टिक होती है।

• नाली व निकास की सुव्यवस्था होनी चाहिए।

डेयरी फार्म में खाद कैसे बनायें?

dairy farming करते है तो दुग्ध उत्पादन के साथ साथ खाद का भी फायदा हो जाता है मार्केट में आज कम्पोस्ट खाद का बहुत महत्व है और इसकी मांग भी बढ़ रहा है ऐसे में गाय या भैंस के गोबर से खाद भी बनाया जा सकता है। खाद बनाने के लिए आपको टँकी या फिर एक गड्ढे खोदना पड़ेगा व उस टँकी में या गड्ढे में थोड़ा मिट्टी व गोबर व पशुओं के मलमूत्र को डालकर कुछ दिनों तक रहने देना है फिर उसमें केचुआ डालते है फिर वह कम्पोस्ट खाद में बदल जाता है इसे आप किसी को बेंच सकते है या फिर आप अगर फार्मिंग करते है तो फसल में भी डाल सकते है, ऑर्गेनिक खेती के लिए इसका उपयोग बहुत ज्यादा में होता है।

dairy farming के लिए आप प्रधानमंत्री मुद्रा लोन के तहत आप पशुपालन के लिए केंद्र सरकार से 12%तक का लोन ले सकते है, और राज्य सरकार से सब्सिडी भी मिलती है। dairy farming में केंद्र व राज्य दोनों सरकार से सब्सिडी मिलती है और डेयरी फार्म में फायदा भी है।

dairy farming के लाभ :

• डेयरी फार्म से आपको आय का जरिया मिलता है।

• डेयरी फ़ार्म से दुग्ध उत्पादन के साथ साथ आप खाद का उत्पादन कर सकते है।

• NABRAD स्किम के तहत आप बैंक से लोन ले सकते है व अपने कारोबार को बढ़ा सकते है।

• इंडिया की जलवायु बहुत अच्छी है ऐसे में आप विदेशी नश्ल के उन्नत नश्ल के गाय व भैंस का पालन भी कर सकते है।

• बेरोजगार युवाओं के लिए यह बिज़नेस बहुत ही सुंदर व स्पष्ठ है।

dairy farming के ऐसी योजना है जिसकी शुरुआत बहुत पहले हो चुका था और छोटे व बड़े सभी तरह के किसान इसे करते है, dairy farming को हम मिश्रित खेती भी कहते है dairy farming में गाय के साथ साथ मुर्गी पालन व मत्स्य पालन भी करते है, आज के समय मे अगर इनकम डबल करना है ऐसे समय मे डेयरी फॉर्मिंग करना चाहिए। डेयरी फार्म के साथ खेती के भी फायदे है जो गोबर व मलमूत्र मिलता है उसका खाद पदार्थ भी बना सकते है जिसे डेयरी फार्म में आपको बहुत सहायक सिद्ध होगा। dairy farming के लिए आपकी योजना का होना बहुत जरूरी है नही तो भोजन की कमी से पशुओं पर इफ़ेक्ट होता है, उच्च बुनियाद ढांचा विकसित करें व पशुओं की उपलब्धता का ध्यान रखना जरूरी है। कृषि विज्ञान केंद्र अनुसंधान से फार्मिंग की ट्रेनिंग ले सकते है साथ ही आप फ़ूड स्ट्रक्चर को फॉलो कर सकते है।

laghu udyog kya hai

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laghu udyog kya hai
laghu udyog kya hai

laghu udyog kya hai, लघु उद्योग संपूर्ण औद्योगिक अर्थव्यवस्था मैं महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है यह देश के विकास में रोज़गार क्षमता को बढ़ने में सहायक होता है लघु उद्योगों की आवश्यकता देश की परंपरागत प्रतिभा कला की रक्षा हेतु आवश्यक है अन्य महत्वपूर्ण दृष्टिकोण से लघु उद्योग निर्यात संवर्धन को आत्मनिर्भरता की ओर ले जाता है लघु उद्योग  निर्यात महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है यह निर्यात मे लगभग 32-34 % योगदान देता है जो कि सराहनीय है 

ओर ये (मके इन इंडिया) को सफल बनाने मे सबसे अहम कडी़ बन रही है 

इन उद्योगों  को आरंभ करने के लिए व्यक्ति को किसी भी प्रकार की विशिष्ट दक्षता की आवश्यकता नहीं है यदि आप केवल कक्षा 10 पास कर चुके हैं इसके द्वारा आप अपनी प्रतिभा को निखार सकते हैं और अपने परिवार या आसपास में किसी को रोजगार प्रदान कर सकते हैं इन लघु उद्योग के माध्यम से हम लोगों में आत्मनिर्भरता का संचार करते हैं जिससे व्यक्ति मेहनती व ईमानदार बनता है

 यह ऐसे उद्योग है जिसे कोई व्यक्ति छोटे पैमाने में शुरू कर  आर्थिक  सशक्त हो सकता है कम लागत कम जमा पूँजी कि मदद से सेवाओं और उत्पाद का निर्माण करना प्रस्तुत करना लघु उद्योग की श्रेणी मे आते है

laghu udyog business list in hindi

  • अगरबत्ती बनाना 
  • मोमबत्ती बनाना 
  • साबुन बनाना 
  • मसालों का उद्योग
  • डिस्पोजेबल कप प्लेट बनाना 
  • फैंसी ज्वेलरी बनाना 
  • गाड़ी में लगने वाली हेड लाइट बनाना 
  •  टोकरी बनाना
  •  झाड़ू बनाना 
  • पारंपरिक औषधीय बनाना 
  • पेपर बैग  लिफाफे बनाना 
  • सोडा फ्लेवर ड्रिंक बनाना
  • देसी मक्खन, घी , पनीर बनाना डिब्बा बंद करना बेचना
  • राखी बनाना
  • करंट मापने वाला वोल्टमीटर बनाना
  • एलईडी बल्ब बनाना

laghu udyog loan

लघु उद्योग अर्थात जहां उत्पादन व सेवाएं छोटे पैमाने पर शुरू किए जाए तथा इसमें एक बार का निवेश 5 लाख  से अधिक 1 करोड़  से कम रहता है   अर्थात एक करोड़ से अधिक का निवेश एक बार में नहीं किया जा सकता है लघु उद्योग में तकनीकी अपेक्षा श्रम शक्ति को  प्रोत्साहन दिया जाता है जिससे बेरोजगारी से राहत पाई जा सकती है यह उद्योग रोज़गार के निर्माण में अहम् भूमिका निभाता है

 2020 के आर्थिक पैकेज के बदलाव में यह तय किया गया कि अब  विनिर्माण और सेवा क्षेत्र को विभाजित नहीं किया  जाएगा व निवेश तथा  वार्षिक आय को भी देखा जाएगा  इस तरह से उद्योगों का  विकास व इससे देश को आर्थिक मदद मे कितना विकास हो सका है यह भी देखा जा सकता है ।

यह क्षेत्र न्यूनतम पूंजी लागत रोजगार उपलब्ध करवाता है 

यह व्यक्ति की रोजगार व  पूंजी की व्यवस्था से  आत्मनिर्भरता प्रधान करवाता है  लघु उद्योग क्षेत्रीय संतुलन विकासशीलता में सहायक भूमिका निभाता है लघु उद्योग को प्रारंभ करने के लिए सरकार द्वारा भी कहीं योजनाओं के माध्यम से सहायता प्रदान  की जा रही है 

government schemes for laghu udyog

इसके  अंतर्गत किसी भी लघु उद्योग को प्रारंभ करने के लिए सरकार द्वारा प्रारंभिक तौर पर कुछ राशि सहायता के रूप में उपलब्ध कराई जाती है जिसका सरकार द्वारा कोई ब्याज नहीं लिया जाता है सरकार आर्थिक सहायता योजनाएं  समय समय पर चलाई जाती है जिसका सरकार द्वारा कोई ब्याज नहीं लिया जाता है सरकार आर्थिक सहायता प्रदान  की जा रही है

 सरकार द्वारा लघु उद्योगों को प्रारंभिक राशि प्राप्त कराने हेतु सरकार कई योजनाएं चलाती है जिनमें से कुछ निम्नलिखित है

  • प्रधानमंत्री मुद्रा योजना
  • प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम

लघु उद्योग  छिपी हुई  बेरोजगारी एवं अर्ध बेरोजगारी को मिटाने में भी सहायक है और एक खास तरीका है जिसके द्वारा युवा स्वरोजगार की और क्रमोन्नत होते हैं लघु उद्योग को बढ़ावा देने के लिए 30 अगस्त को  लघु उद्योग  दिवस भी मनाया जाता है उद्योगों को उनकी कार्यप्रणाली के अनुसार मुख्य रूप से निर्माण क्षेत्र एवं सेवा क्षेत्र में बांटा जाता है.

  • सेवा क्षेत्र में कंपनी की सेवा योजनाएं  उनके उत्पाद एवं सेवा सहायक रूप में होती है  जैसे  बीमा खतौनी हिसाब किताब  परामर्श इत्यादि
  • निर्माण क्षेत्र के अंतर्गत वस्तु   का निर्माण बिक्री जैसे कार्य आते हैं जिसके तहत  कार कंप्यूटर फोन   एवं निर्माण शील वस्तुओं का व्यापार  निर्माण क्षेत्र के अंतर्गत आते हैं  

types of laghu udyog

  •   सूक्ष्म उद्योग
  •   लघु उद्योग 
  •   मध्यम उद्योग 

सूक्ष्म उद्योग  यह उद्योग निम्न स्तर पर प्रारंभ किए जाते हैं जिसमें निर्माण क्षेत्र के आधार पर शुरुआती निवेश 50 लाख तक  होता है वह सेवा क्षेत्र के आधार पर निवेश 5 लाख ही हो सकता है इसे सूक्ष्म उद्योग  की श्रेणी में रखा जाता है

 लघु उद्योग यह उद्योग निर्माण क्षेत्र में  प्रारंभिक राशि कम से कम 25  लाख ज्यादा से ज्यादा  5 करोड़ तक का हो सकता है तथा क्षेत्र में निवेश राशि लाख से कम 10 लाख  ज्यादा से ज्यादा 2 करोड़  तक ही निवेश किया जा सकता है यह  क्षेत्र निवेश आधार पर लघु उद्योग की श्रेणी में आते हैं

मध्यम उद्योग  यह उद्योग क्षेत्र लघु उद्योग क्षेत्र से कुछ बड़े पैमाने पर प्रारंभ किया जाता है जिसमें प्रारंभिक निवेश 5 करोड से 10 करोड़ के मध्य  निर्माण क्षेत्र में किया जा सकता है तथा सेवा क्षेत्र में दो करोड़ से 5 करोड़ के मध्य निवेश किया जा सकता है

 इस प्रकार प्रारंभिक निवेश व कार्य क्षमता के अनुसार लघु उद्योग को विभिन्न भागों में विभाजित किया जाता हैएवं उद्योगों को विभिन्न स्तरों पर प्रारंभ भी किया जा सकता  है 

लघु उद्योग को स्वरोजगार पर्याय के अलावा हमारी अर्थव्यवस्था में भी सहायक माना जाता है जैसे कि लघु उद्योग और कुटीर उद्योग का  रोजगार उत्पादन  वह मेरे हर स्तर  मैं बढ़ते योगदान को देखकर सरकार ने भी इसे विभिन्न योजनाओं  के माध्यम से सहायता राशि व सब्सिडी के द्वारा मदद पहुंचा कर बढ़ावा दिया है

 सरकार की योजनाओं में प्रारंभिक सहायता या व्यापार  बढ़ोतरी के लिए व्यक्ति सीधे सरकार से सहायता प्राप्त कर सकता है  जिसके लिए  ऑनलाइन आवेदन SSI ( स्माल सोशल इंडस्ट्रीज) रजिस्ट्रेशन कर सब्सिडी  व लोन प्राप्त कर सकते हैं  एसएसआई रजिस्ट्रेशन MSME( माइक्रो स्मॉल मीडियम एंटरप्राइजेजमंत्रालय द्वारा किया जाता है 

 भारत सरकार की मुद्रा योजना व अन्य सहायक योजनाओं ने लघु उद्योगों को  बड़े पैमाने पर सहयोग प्रदान किया है

जिसके द्वारा हमारा देश विकास की और अग्रसर हो रहा है. 

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mudra loan

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mudra loan in hindi
मुद्रा लोन क्या है?

मुद्रा लोन क्या है? (what is mudra loan?)

mudra loan भारत सरकार द्वारा चलाये जा रहा एक लोन योजना है, जिसकी शुरुआत केंद्र सरकार ने छोटे उद्योग को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY) शूरू की, इसकी शुरुआत अप्रैल 2015 में हुआ जो बहुत हद तक सार्थक सिद्ध हुआ है, इसके तहत छोटे उद्योग लगाए जाने की छोटी रकम केंद्र सरकार द्वारा लोन के रूप में दिया जाता है जिसे कारोबार को बढ़ावा मिल सके।

मुद्रा लोन योजना केंद्र सरकार की मजबूत योजनाओं में से एक है जो विकासशील भारत को विकसित भारत की ओर लेकर जा रहे है, मुद्रा लोन के माध्यम से सभी तबके के लोग लोन ले सकते है व अपनी कारोबार को एक्सटेंशन करके अपनी जीवनयापन कर सकते है। मुद्रा लोन के लिए प्राइवेट व गवरमेंट दोनों तरह केकमर्शियल बैंक लोन देती है। प्रधानमंत्री मुद्रा लोन योजना (PMMY) आत्मनिर्भर भारत योजना का शुरुआती समय था और आज इसका क्रियान्वयन हमारे सामने नजर आ रहा है, लोकल फ़ॉर वोकल में हम मुद्रा लोन से अपने छोटे कारोबार का एक्सटेंशन कर सकते है।।

मुद्रा लोन में तीन तरह से लोन मिलता है :

* शिशु लोन इस लोन में छोटी राशि अर्थात 50000 तक कि राशि लोन में मिलती है।

* किशोर लोन इस लोन में किशोर कर्ज के तर्ज पर 50000 से 5लाख की राशि लोन में मिलती है, जिसे कारोबार का एक्सटेंशन कर सके व भुगतान समय पर कर सके।

* तरुण लोन इस लोन में 5 लाख से 10 लाख तक कि राशि लोन में मिलती है जिसे कारोबार को बढ़ा सकें व अपने उद्योग का नया स्वरूप दे सकें।

प्रधानमंत्री मुद्रा लोन केंद्र सरकार की महत्वपूर्ण योजनाओं में से एक है, और छोटे उद्योग स्थापित के लिए पहले बड़े व्यापारियों या फिर मालगुजार से लोन अधिक ब्याज दर में मिलाता था जिसे एक तरह से मुद्रा लोन से फायदा मिला है और प्रधानमंत्री मुद्रा लोन ने छोटे उद्योग खोलने में सहायक होता है।

मुद्रा लोन की जिम्मेदारी :

* लोन की सार्थक जिम्मेदारी है कि वह छोटे व्यपारियों को सरकारी योजनाओं से जोड़े, माइक्रो स्माल व मीडियम व्यवसाय के लिए नीतियां निर्धारण करें।
* MFI संस्थाओं की प्रमाणित करना व MFI संस्थाओं का रेजिस्ट्रेशन करना।
* ग्राहक सुरक्षा करना व योजनाओं का क्रियान्वयन समय पर करना।
* मुद्रा योजना का EMI का निर्धारण करना।

मुद्रा लोन कैसे प्राप्त करें? (How can I apply for Mudra loan?)

• मुद्रा लोन प्राप्त करने के लिए आपको ऑनलाइन या फिर ऑफलाइन दोनों तरह से आवेदन कर सकते है। आवेदन करते समय आपको अपने सभी दस्तावेज साथ रखना जरूरी है व अपने फॉर्म अच्छे से पढ़कर सही भरे।।

• यदि आप ऑनलाइन आवेदन कर रहे है तब आपको केंद्र सरकार के आधिकारिक वेबसाइट www.mudra.org.in में जाकर आवेदन कर सकते है।

• ऑफलाइन अगर आपको मुद्रा लोन लेना है तब आपको आपके नजदीकी केंद्रीय बैंक जैसे स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, यूनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया या बैंक ऑफ इंडिया आदि जैसे बैंक में जाकर लोन के लिए आवेदन करना होगा।

• ऑनलाइन आवेदन कर रहे है तब आपको आवश्यक दस्तावेज व अपने कारोबार की पूरी डिटेल्स आपको स्कैन करके जमा करना होता है और वही ध्यान पूर्वक फॉर्म को पढ़कर जमा करना होता है।

• यदि आप ऑफलाइन आवेदन कर रहे है तब आपको ध्यान पूर्वक आवेदन फॉर्म को पढ़कर उसे भरना होगा और साथ मे आवश्यक दस्तावेज को अटेच करना होता है, जिसे आपके फॉर्म रिजेक्ट न हो।

• ऑनलाइन या फिर ऑफलाइन आप किसी भी तरह से फॉर्म भरते है और आपकी सम्पूर्ण जानकारी सही है तो आपको 15 से 30 दिनों के अंदर आपका लोन राशि को अप्रूवल मिल जाता है और आपको मुद्रा लोन केंद्र सरकार से आसानी से मिल जाता है।

आवश्यक दस्तावेज मुद्रा लोन आवेदन के लिए (mudra loan documents)

• पैन कार्ड व आधार कार्ड
• दो पासपोर्ट साइज फ़ोटो
• केंद्रीय बैंक का पासबुक जिसमें आपका एक्टिव अकाउंट हो
• मतदाता परिचय पत्र जिसे भारत का नागरिक होने का प्रमाण मिल सके
• कारोबार का प्रामाणिक पत्र,

जिसे लाभ व हानि पर विचार विमर्श किया जा सके
• वार्षिक आय प्रूफ कार्ड
• निवास प्रमाण पत्र जिसे आपके निवास पते के माध्यम से आपका लोन स्वीकृय हो।

मुद्रा लोन योजना के लाभर्थि कौन होते है?

• कोई भी व्यक्ति जो उद्योग या फिर कारोबार शूरु करना चाहता हो वह लोन ले सकता है।

• अगर आपको अपनी कारोबार को एक्सटेंशन करना है तब आप ले सकते है।

• मुद्रा लोन से घरेलू महिलाओं को उद्योग लगाने का मौका मिला व उद्योग या फिर कारोबारी में महिला सशक्तिकरण का प्रमाण मिला है।

• गरीब व्यक्ति को अपना खुद का कारोबार चालू करने में मदत मिला है जिसे लॉज आसानी से मिलने लगा है और दफ्तर के चक्कर कटना भी नही पड़ा।

मुद्रा लोन के लाभ (What is the benefit of Mudra loan?)

  • मुद्रा लोन प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY) के तहत लोन मिलता है जिसे प्रोसेसिंग तहत ली जाती है यदि आप लोन नही चुका पा रहे है ऐसे स्थिति में पांच साल के लिए लोन की समय सीमा को बढ़ा सकते है।
  • मुद्रा लोन 12 प्रतिशत तक के ब्याज दर (interest rate) में मिलता है, और यह आपके कारोबार पर भी निर्भर करता है कितने परसेंट मे लोन मिलता है।
  • मुद्रा लोन लेने पर आपको एक कार्ड मिलेगा जिसके तहत आप पैसे का उपयोग अपने उद्योग या फिर अपने कारोबार में कर सकते है।
  • यदि आप अपने कारोबार में घटे में चल रहे है और उसे उचित स्थान में लाना है तब आप मुद्रा लोन के लिए आवेदन कर सकते है।

मुद्रा लोन के लिए योग्यता (mudra loan eligibility)

• मुद्रा लोन के लिए आपको छोटे कारोबारी होना जरूरी है।
• व्यापार, दुकानदार व विक्रेता होना जरूरी है।

• कृषि से जुड़ा व्यक्ति भी मुद्रा लोन का लाभ ले सकता है।
• नये व्यपारी जो स्टार्टअप शुरू करना चाहता हो।
• छोटे उद्योगपति व निर्माता को प्रधानमंत्री मुद्रा लोन का फायदा होता है।

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business ideas for women

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business ideas in hindi
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जो महिलाएं घर से अपना बिजनेस शुरू करना चाहती है यह लेख उनके लिए बहुत महत्वपूर्ण साबित होगा l महिलाएं घर में हीं रहकर इन बिजनेस टिप्स के माध्यम से उतना हीं अच्छा कमा सकती है, जितना कि पुरुष l कुछ महिलाएं इन घरेलू उद्योगों के माध्यम से पुरुषों से कही ज़्यादा पैसा कमा रही है l इस लेख में ऐसे business ideas है, जिन्हे आप कम से कम लागत ( investment ) में या बिना किसी लागत के शुरू कर सकती हैं l

पिसा मसाला business ideas

इस उद्योग को महिलाएं बिना किसी विशेष प्रशिक्षण के, घर से हीं शुरू कर सकती हैंl इसके लिए महिलाएं बाजार में उपलब्ध खड़े मसाले को, (जोकि कम दम में मिल जाता है ) ख़रीदकर, मशीन में या हाथ चक्की में स्वयं पीसकर लेती है l मसाला पीसने के बाद पिसे मसाले की सुव्यवस्थित पैकिंग करके, इसे आस पास के घरों व दुकानों में सप्लाई करके अच्छा -खासा धन कमा सकती है l

कुकिंग क्लासेज business ideas 

जिन महिलाओ को पाक कला ( cooking ) का अच्छा ज्ञान होता है l और वह विभिन्न प्रकार का स्वादिष्ट भोजन बनाना जानती है, वे महिलाएं विभिन्न प्रकार का स्वादिष्ट खाना बनाने की कला को अन्य महिलाओ को सीखा कर उनसे अच्छा खासा पैसा कमा सकती है और अपनी आय में वृद्धि कर सकती है l इस प्रकार की क्लेसस अपने घर से हीं, बिना किसी लागत के शुरू कर सकती है l इस बिजनेस को शुरू करने के लिए महिलाओ को किसी लाइसेंस व निवेश कि भी आवश्यकता नहीं होती l बस महिला को अच्छा कुकिंग का ज्ञान होना काफ़ी है l इसके अलवा महिलाएं पाक शास्त्र से संबंधित वीडियो बनाकर यूट्यूब पर भी अपलोड कर सकतीं है l इस बिजनेस के माध्यम से महिलाएं को प्रति व्यक्ति 3 से 5 हज़ार की आमदनी आसानी से हो जाती है l

फैशन बुटीक

अगर आप वर्तमान लाइफस्टाइल, और लेटेस्ट फैशन कि जानकारी रखती है, तो फैशन बुटीक आपके लिए एक बहुत अच्छी आमदनी देने वाला बिजनेस बन सकता है l लेटेस्ट फैशन की अनुसार आप उचित दाम में अच्छे कपड़े बनाकर व्यापार शुरू कर सकतीं है l इसके लिए आपको सिलाई का ज्ञान, ओवर लॉकिंग, कढ़ाई का ज्ञान होना चाहिए l आवश्यक सामग्री – सिलाई मशीन, कढ़ाई मशीन, सिलाई ओवर लॉकिंग, टेबल, रैक, स्टैंड और एक कमरे या हॉल की आवश्यकता होती है l सप्लाई – लेटेस्ट फैशन की अनुसार बने कपड़ो की मार्केट में हमेशा मांग रहती है, तो कपड़ो की सप्लाई आप बाज़ारो में, फैक्ट्रियों में, या सीधे घरों में कर सकतीं है l

ब्यूटी पार्लर

अगर आपको मेकअप ब्यूटी टिप्स की बेसिक जानकारी है, तो आप बड़ी आसानी से एक स्वतंत्र ब्यूटी पार्लर संचलिका बन सकतीं है l इस बिजनेस को शुरू करने के लिए आपको 10 हज़ार तक का निवेश करके, लाइसेंस भी प्राप्त करना होगा l स्थान – इस बिजनेस को आप अपने घर से या दुकान से शुरू कर सकतीं है l

टिफिन सर्विस

इस काम को शुरू करने के लिए आपको विभिन्न प्रकार का अच्छा खाना बनाने का ज्ञान होना चाहिए l इस काम को आप घर से हीं शुरू कर सकतें है l इस काम के लिए ना तो आपको किसी निवेश की आवश्यकता होती है और ना हीं लाइसेंस की l आमदनी- इसमें आपकी आमदनी कम से कम प्रति व्यक्ति एक माह के हिसाब से 2000 रु0 तक हो सकतीं है l

अगरबत्ती उद्योग 

अगरबत्ती मेकिंग बिज़नेस बहुत हीं खास है l इस बिजनेस को आप बिलकुल थोड़ा-सा प्रशिक्षण पाकर शुरू कर सकतीं है l इसके लिए आपको किसी अतिरिक्त स्थान की भी ज़रूरत नहीं है l इसे आप अपने घर से हीं शुरू कर सकतीं है l अगर आप इसे कॉमर्शियली अच्छे से स्टार्ट करती है तो आप इस बिजनेस के माध्यम से लाखो रुपये की इनकम कर सकतीं है l

लम्बी रुई की बत्ती का व्यवसाय 

लम्बी रुई की बत्ती को महिलाएं घर बैठे आसानी से बना सकतीं है l इसे हाथ या मशीन की मदद से बहुत आसानी से बनाया जा सकता है l दीपावली पर रुई की बत्ती की मांग घरों- घरों में रहती है l इसकी बढ़ती डिमांड को देखते हुए महिलाएं इस बिजनेस को घर से हीं शुरू कर सकतीं है l तैयार माल की सप्लाई, दुकानों में या घरों में जाकर आसानी से की जा सकती है l बाज़ारों में भी आजकल रुई की बत्ती बनाने वाली मशीन उपलब्ध है l जिसका इस्तेमाल करके आप अपनी आय को लाखों रुपए तक बढ़ा सकते है l

योगा क्लासेज business ideas in hindi

आजकल लोग अपनी बॉडी ( figur) को लेकर बहत जागरूक हो गए है, अगर आप अपनी बॉडी को फिट रखने के लिए तरह-तरह के व्यायाम, योगा करना जानती है, और अपनी बॉडी को फिट रखती है, तो इसका प्रशिक्षण आप अन्य लोगो को भी दे सकतीं है और अच्छा पैसा कमा सकतीं है l इसके लिए कोई अतिरिक्त धन या लागत भी नहीं लगती l इसकी क्लासेज आप घर से हीं देना शुरू कर सकतीं है l

पापड़-चिप्स का business ideas

महज़ 5 हज़ार का निवेश करके आप पापड़ का बिज़नेस शुरू कर सकतीं है और 10 से 20 हज़ार तक माह में आसानी से कमा सकतीं है l होली के त्यौहार पर तो पापड़ की विशेष मांग बाज़ारों में रहती है, इसके लिए आपको किसी विशेष प्रशिक्षण की भी आवश्यकता नहीं होती l बस आपको तरह तरह के पापड़ व चिप्स बनाना आना चाहिए l आपको पापड़ बना कर उसकी सुव्यवस्थित ढग से पैकिंग करनी होंगी l तैयार माल की सप्लाई आप दुकानों या घरों में कर सकतीं है l

पेन्सिल उद्योग business ideas

आजकल बच्चे से लेकर बड़ों तक को पेन्सिल की आवश्यकता होती है l प्रत्येक स्कूलों में छोटे बच्चों द्वारा पेन्सिल का इस्तेमाल करवाया जाता है l इसके अलावा दफ्तरों में भी कभी- कभी पेन्सिल का इस्तेमाल किया जाता है, जिससे अगर लिखावट में कुछ गलती हो गयी हो तो उसे सुधारा जा सके l पेन्सिल को बनाने के लिए आपको एक छोटी सी पेन्सिल मशीन( जो सस्ते दामों में बाज़ार में उपलब्ध है ) की आवश्यकता होती है, जिसकी सहायता से आप बड़ी आसानी से पेन्सिल निर्माण कर सकतीं है l इस काम को आप घर से भी शुरू कर सकतीं है l लागत – इसके लिए आप कुछ लागत लगाकर अच्छा खासा धन कमा सकतीं है व अपनी आय में वृद्धि कर सकतीं है l कच्चा माल सामग्री – मशीन, पॉलिमर पेन्सिल, गम और रंग की आवश्यकता होती है l

लेखन कार्य business ideas

अगर आप में लिखने की कला है, और आप हर प्रकार से अपनी लिखी बात से लोगो को समझा पाने में सफल हो जाती है l तो आप इस क्षेत्र में आ सकतीं है जहाँ पर आपको लेखन से संबंधित बहुत-सा काम मिल जायेगा l आप लिखने का कार्य घर से हीं प्रारम्भ कर सकतीं है l इस क्षेत्र में आकर, अपनी रूचि के अनुसार फ्री- लांस काम कर सकते है l अपनी रूचि अनुसार आप कहानी लेखन, कविता लेखन, शिक्षा या तकनीकी लेख आदि भी लिख सकते है l

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How to start toy manufacturing business in Hindi (2021)

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toy manufacturing business
toy manufacturing business

जब हम इस toy manufacturing business को सुनते हैं, तो हमारे विचारों में खिलौनों के फ्लैशबैक के साथ सभी अच्छे बचपन की याद आती है।

अपने पसंदीदा खिलौना को पाने के लिए आपको अपने जन्मदिन, दीवाली और क्रिस्मस पर उत्सुकता से तैयार रहना होता था। बचपन मे हम सभी चाहते हैं कि हमारे खिलौना बनाने वाली कंपनियों का मालिकाना हक हो। 

 इस उद्यम के लिए बाज़ार बहुत अधिक हो सकता है। यदि आपके पास proper business  planing होगी, तो आप अपने सभी competitors को आसानी से हरा सकते हैं। 

Market of toy manufacturing business

हम सभी जानते हैं, toy manufacturing business आमतौर पर नहीं किया जाता लेकिन इसकी demand market में बहुत ज्यादा है। हर दिन, नए खिलौने सभी आयु वर्ग के लोगों के लिए निर्माण किये जा रहे हैं। आप market मे छोटे युवाओं के लिए खिलौने और युवाओं के लिए दूर प्रबंधन खिलौने देख सकते हैं। जैसे-जैसे हमारे देश में population बढ़ रही है, लड़कियों और लड़कों के बीच खिलौने और गुड़िया की मांग भी बढ़ रही है। इसलिए आप भी अपनी toy shop या toy manufacturing business की शुरू कर सकते हैं और बड़ी आय अर्जित कर सकते हैं। यदि आपके पास अपने इलाके में toy shop की दुकान नहीं है, तो आपके लिए ये एक गोल्डन चांस है। 

यदि आप अपने toy manufacturing business या toy shop शुरू करने की योजना बना रहे हैं, तो फलदायक परिणाम प्राप्त करने के लिए आपको कई कदम उठाने और योजना बनाने की जरूरत है:

Market Research

किसी भी चरण की योजना बनाने से पहले, आपको अपनी उद्यमी अवधारणा का विश्लेषण करना चाहिए।

आपके स्थान पर खिलौने के कितने विक्रेता मौजूद हैं?

आपके स्थान पर कौन से खिलौने चलन में हैं?

क्या कोई खिलौने की दुकान अस्पताल या किसी पब्लिक प्लेस के पास में है?

खरीदार को आकर्षित करने के लिए आपके प्रतिद्वंद्वी विज्ञापन कैसे कर रहे हैं?

जब आपके पास उपरोक्त सही विश्लेषण योजना और समाधान होंगे, तो आप अपने खिलौने उद्यम अवधारणाओं को शुरू करने के लिए एक पारदर्शी अवधारणा प्राप्त करेंगे। यदि आप समाधान से खुश हो सकते हैं, तो आप दूसरे चरण पर स्थानांतरित कर सकेंगे।

Investment 

अपने खिलौने की दुकान उद्यम स्थापित करने के लिए सबसे आवश्यक मुद्दा एक धन है। यदि आपके पास कम वित्त होगा, तो आपको अपनी आपूर्ति में बहुत चयनात्मक होना चाहिए। अब, उपरोक्त विश्लेषण से, आपके स्थान पर कौन से खिलौने फैल रहे हैं। अपने पहले खिलौने की सूची में अनुमानित फंडिंग चाहते हैं, यह जानने के लिए बाजार से थोक उद्धरण प्राप्त करें।

Location 

किसी भी लाभदायक उद्यम के लिए, उसके पाठ्यक्रम में स्थान आधा आवश्यक होता है। यदि आप अपने खिलौने उद्यम अवधारणाओं को शुरू करना चाहते हैं, तो आप खुदरा विक्रेताओं के लिए खोज कर पाएंगे कि किस स्थान पर लोग यात्रा भार उठाते हैं। वास्तव में उपयोगी स्थानों में से एक युवा अस्पतालों के करीब है। क्योंकि अस्पतालों में, कई युवाओं को भर्ती किया जाता है, वे आमतौर पर कुछ खिलौने अपने दर्द से विचलित करना चाहते हैं। आप अपनी रिटेलर को व्यवस्थित करने में सक्षम वेबसाइटों में से कुछ हैं:

रेलवे स्टेशन

बसरूकनेकीजगह

कैफे के पास

जन्मदिन का विधान

ब्रांड पहचान

जब आपके पास खिलौने उद्यम अवधारणाओं की दुकान के लिए आवश्यक धन और साइट होगी। अपने समय एक दुकान एक प्यारा पहचान पाने के लिए। मॉडल की पहचान को याद रखना आसान होना चाहिए ताकि आप मूल्य से मुक्त होने के लिए कुछ मुंह से मुंह प्रचार कर सकें। यदि आप अपने उद्यम के लिए सही नामों की खोज करना चाहते हैं, तो जनरेटर सॉफ्टवेयर की पहचान करने वाला एक उद्यम आपकी नि: शुल्क सहायता कर सकता है। याद रखें, अपने प्रतिद्वंद्वियों में से अलग-अलग नामों को कॉपी न करें या आपको अधिकृत बिंदुओं का सामना करना होगा।

Registration 

अपने रिटेलर पर सभी संघीय सरकार की योजनाओं के लाभ प्राप्त करने के लिए आपको अपने मॉडल की पहचान करना चाहिए। आपका प्रतियोगी आपके मॉडल की पहचान नहीं कर सकता है कि वह पंजीकृत है या नहीं। अधिक फायदे आपके जी एसटी की मात्रा को बंधक पर थोक आदेश प्राप्त करने के लिए अवतार लेते हैं। इसका मतलब है कि आप खिलौने प्राप्त कर सकते हैं और दो से 3 महीने की लंबाई के बाद भुगतान कर सकते हैं।

Other Investment 

आपको अपने सभी खिलौनों को सही ढंग से व्यवस्थित करने के लिए असबाब पर विचार करना होगा। वहाँ रैक और अलमारियाँ की कई किस्में सुलभ हैं। आपको छोटे खिलौनों, विशाल खिलौनों के लिए रैक का फैसला करना होगा या बनाना होगा। आपकी खिलौनों की उद्यम अवधारणाएं आपके रिटेलर के प्रत्येक नुक्कड़ में सही प्रकाश व्यवस्था चाहती हैं। अन्य सामान और उपकरण अवतार:

कुर्सियां ​​और टेबल

कांच के रैक

बिलिंग के लिए कंप्यूटर

प्रिंटर

बिलिंग डेस्क और लॉकर

Marketing plan of toy manufacturing business:

आप ऑन-लाइन और ऑफलाइन विज्ञापन और मार्केटिंग के लिए जा सकते हैं। उद्घाटन समारोह के लिए घरों को आमंत्रित करना संभवतः आपके खिलौने उद्यम अवधारणाओं रिटेलर को शुरू करने के लिए एक आदर्श अवधारणा होगी। आप पैम्फलेट प्रिंट कर सकते हैं और इसे मूल समाचार पत्र के साथ वितरित कर सकते हैं। फेसबुक, इंस्टाग्राम और टिक्कॉक जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का उपयोग करके बिक्री की ऑनलाइन रणनीति। बहुत ही बेहतरीन प्रथाओं में से एक है खिलौने का वीडियो बनाना और सभी प्लेटफार्मों में आयात करना।

अपनी वेब साइट बनाना और अमेज़न पर प्रचार करना आपके उद्यम के लिए आपका मोड़ हो सकता है। दूसरों से वेब साइट बनाने के बजाय, आप वेबसाइट बनाने और रिटेलर के भीतर अपने खाली समय में इसका प्रबंधन करने में सक्षम होंगे। अमेज़न खाता बनाना और ऑर्डर को संभालने के लिए अध्ययन करना बहुत सरल हो सकता है।

Financial planning of toy manufacturing business

खिलौने की उद्यम अवधारणाओं के लिए आवश्यक पूरी धनराशि स्थिति और सामान के मूल्य के कारण स्थिति से भिन्न हो सकती है। यदि आप ग्रामीण क्षेत्रों में अपने खिलौने रिटेलर उद्यम अवधारणाओं की शुरुआत कर रहे हैं, तो आप अपने स्टोर को 5 लाख से कम में व्यवस्थित करेंगे। जब भी आप मुंबई महानगर जैसे शहर के क्षेत्रों में इस उद्यम को शुरू करना चाहते हैं, तो फंडिंग वेल्यू बढ़ सकती है। पूरा मूल्य दस लाख से अधिक हो सकता है। सुनिश्चित करें कि आपके पास किसी भी नए उद्यम के नियम के परिणामस्वरूप कम से कम तीन महीने के लिए कोई भी राजस्व प्राप्त करने के लिए उपयुक्त धन नहीं होगा।

निष्कर्ष

अपने खिलौने उद्यम अवधारणाओं को शुरू करना विश्लेषण के लिए समय का भार चाहता है। आपको अपने स्टोर पर खिलौनों के प्राथमिक बैच पर निर्णय लेने में बहुत सतर्क रहना चाहिए। स्थान और साज-सामान 2 घटक हैं जो आपके फंडिंग मूल्य को बढ़ा सकते हैं या कम कर सकते हैं। खिलौने की दुकान को कुशलतापूर्वक चलाने के लिए आपको इस लेख पर दी गई बिक्री की नई रणनीति यों का उपयोग करना होगा। एक बार जब आप अपने उद्यम में स्थिर हो सकते हैं, तो आप एक अलग स्टोर पर जा सकते हैं या अपनी आय को बढ़ाने के लिए अपने मताधिकार का प्रचार कर सकते हैं। मुझे उम्मीद है कि यह पाठ आपको एक लाभदायक खिलौने उद्यम अवधारणाओं का निर्माण करने के लिए सभी अनिवार्य कदमों के साथ जानकारी देगा।

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What is B.com ? How To Do B.com ? Full Details In Hindi

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B.com information in hindi
What is B.com

एक समय था जब लोग स्नातक यानी ग्रेजुएट होने के लिए बीए अथवा बीएससी स्ट्रीम को चुना करते थे। यह दोनों ही बहुत ही पॉपुलर स्ट्रीम रही है । इसके अतिरिक्त B.Com भी स्नातक स्तरीय कोर्स है, परंतु इसे बहुत कम ही लोग पढ़ते थे क्योंकि इसमें नौकरी के अवसर बहुत अधिक नहीं थे ।

जबकि बीए और बीएससी करने के बाद स्टूडेंट के पास बहुत से विकल्प मौजूद होते थे परंतु वर्तमान समय में बीकॉम से ग्रेजुएट होना बहुत से स्टूडेंट को भाता है । इसके साथ ही इसे करने पर सरकारी और प्राइवेट दोनों ही क्षेत्रों में नौकरी के विकल्प मौजूद हो गए हैं।

B.com information in hindi

यदि आप भी बीकॉम कोर्स करने के इच्छुक है। तो आपको इससे जुड़े कुछ जानकारी अवश्य रूप से होनी चाहिए जैसे कि बीकॉम कोर्स क्या है? इसके अतिरिक्त बीकॉम कोर्स कैसे करें ? एक अन्य प्रश्न आमतौर पर पूछा जाता है । इस कोर्स को करने में कितने वर्ष लग जाते हैं? क्या B.com के विद्यार्थी की कोई योग्यता मापदंड निर्धारित की गई है? इससे जुड़ी और भी बातें जो स्टूडेंट की जानकारी (What is B.com information in hindi) में होनी चाहिए। इन प्रश्नों का उत्तर जानने के लिए आपको (How To Do B.com Full Details In Hindi) इस ब्लॉग के अंत तक बने रहने की आवश्यकता है।

B.Com Kya Hai:-

आज के समय में बीकॉम एक बहुत ही पॉपुलर कोर्स हो गया है जिसे करने के बाद स्टूडेंट को एकाउंटिंग से संबंधित विभिन्न सरकारी और प्राइवेट क्षेत्र में कार्य कर सकते हैं। बीकॉम में एडमिशन के लिए स्टूडेंट के पास योग्यता होनी चाहिए । यदि वह इसके बनाए गए योग्यता संबंधी मापदंड के अनुरूप पाया जाता है ,तभी उसे इस कोर्स में एडमिशन प्राप्त होता है इसी क्रम में विद्यार्थी को यह भी पता होना चाहिए कि बीकॉम कितने वर्ष का कोर्स होता है?

2. B.com Full Form:-

बी.कॉम का English में फुल फॉर्म (Bachelor of Commerce) है।

यह एक प्रकार का अंडर ग्रेजुएट प्रोग्राम है ,जोकि स्टूडेंट को अकाउंट से संबंधित कार्यों को करने के लिए तैयार किया गया है ,कहने का अभिप्राय है कि बीकॉम ग्रैजुएट हो जाने पर स्टूडेंट को Accounting से संबंधित विभिन्न सरकारी और प्राइवेट क्षेत्र में नौकरी पाने के अवसर मिलते हैं ।बीकॉम कोर्स में दाखिले के लिए स्टूडेंट 11वीं और 12वीं कॉमर्स से पढ़ना होता है। वही स्टूडेंट बीकॉम कोर्स कर सकते हैं ।यह स्नातक स्तरीय कोर्स है ।बीकॉम करने के बाद आप ग्रेजुएट कहलायेंगे अब तक तो आपको पता चल ही गया होगा कि बी.कॉम B.com क्या है? (What is B.COM information in hindi) जाने इससे जुड़ीं और भी जानकारी।

3. Full Form of B.com  In Hindi

B.com का फुल फॉर्म English में जैसा कि आप जानते होगे ‘Bachelor of Commerce’ होता है। वहीं B.com हिंदी में ‘वाणिज्य स्नातक के नाम से जानते है ।यह एक प्रकार से commerce Stream मे स्नातक स्तर की डिग्री के रूप में मान्य है। B.Com तीन वर्षीय कोर्स है जिसे करने के बाद स्टूडेंट Bachelor Degree प्रदान की जाती है । यह भारत के सभी राज्य में स्थित कॉलेजों और विश्वविद्यालयों द्वारा प्रदान की जाती है। इसकी डिग्री हर जगह मान्य हैं।

B.com लिए योग्यता 

स्टूडेंट को इसके अनुरूप पाए जाने पर उसे इस कोर्स में दाखिला मिलता है चलिए जानते है इसकी (Minimum Qualification Required To join B.com) जिन शर्तों तो स्टूडेंट को पूरा करना होगा।

1. स्टूडेंट का 10वी अच्छे अंको से पास हो ।

2. इसके आगे के क्रम में विद्यार्थी को 12th ना केवल उत्तीर्ण करना होगा इसके साथ ही कॉमर्स सब्जेक्ट में अधिकतम अंक भी होने चाहिए।इस कोर्स में एडमिशन के लिए स्टूडेंट का कम से कम45%अंक अवश्य रूप से होना चाहिए।

3. अन्तिम शर्त यह होती है कि स्टूडेंट 12वी के बाद ही B.com Course admission ले सकता है।

Course Fess

बैचलर ऑफ कॉमर्स यानी (B.com) के एक स्टूडेंट की औसतन पाठ्यक्रम शुल्क 7,500 रुपए से प्रारंभ होकर 1 लाख प्रति वर्ष आती है। यह रकम कॉलेज की गुणवत्ता शिक्षण प्रणाली के अतिरिक्त कॉलेज विशेष की प्रतिष्ठा, बुनियादी ढांचे और सुविधा के साथ ही प्लेसमेंट के आधार पर अलग अलग होता है ।इसी क्रम में बीसीओएम अभ्यर्थी के लिए प्रवेश के साथ ही साथ प्रबंधन और सरकारी कोटा का पहलू को भी ध्यान में रखना होता है ।

B.Com में कौन-कौन से Courses & Subject होते है?

B.Com कोर्स के पाठ्यक्रम में रखे गए Subjects जैसा की आपको पता होगा कि B.Com में मुख्य तौर पर से Accounts, Economics के अतिरिक्त Mathmatics पर विशेष बल दिया जाता है। इस प्रकार विभिन्न कॉलेजों और विश्वविद्यालयोंमे रखे गए Subjects की सूची आपको नीचे दी गई है आप उसे देखकर पता लगा सकते हैं।

1. Financial Ratios

2. Business Management

3. Financial Accounting

4. Corporate Accounting

5. Business Mathematics

6. Cost Accounting

7. Computer Fundamentals

8. Economics

9. Business Law

किस collage म Admission ले

भारत की बात करे तो यहां के सर्वश्रेष्ठ कॉमर्स कॉलेजों की सूची में आने वाले वर्ष 2020 नीचे दी गई है।

B.com के Top 10 कॉलेज की सूची

  1. Shri Ram College of Commerce(SRCC) ,Delhi
  2. Lady Shri Ram College for Women(LSR),New Delhi
  3. Loyola College, Chennai
  4. CHRIST University,Bengaluru, Karnataka
  5. St. Xavier’s College,Mumbai,
  6. Narsee Monjee College of Commerce and Economics, Mumbai
  7. Symbiosis College Of Arts and Commerce(SCAC),Pune
  8. St. Joseph’s College University, Bengaluru
  9. Hansraj College, Delhi
  10. Madras Christian College(MCC),Chennai

B.com करने के बाद जॉब ?

B.Com कि स्नातक डिग्री प्राप्त करने के बाद स्टूडेंट के पास कई विकल्प मौजूद होते हैं जैसे कि वह चाहे तो इसके आगे की पढ़ाई कर सकता है बीकॉम के बाद मास्टर डिग्री के लिए उसके पास कई कोर्स को करने के विकल्प होते हैं जैसे कि M.com, MBA और MCA के इसके लिए आपको बीकॉम के बाद अप्लाई करना होता है।

मास्टर डिग्री की कंप्लीट हो जाने पर स्टूडेंट के लिए अच्छी जॉब के अवसर प्राप्त होने शुरू हो जाते हैं जिससे जीवन में उपलब्धि प्राप्त होती है बीकॉम करने के बाद स्टूडेंट चाहे तो तभी से नौकरी बतौर Accountant के रूप में कार्य कर सकता है ऐसी बहुत सी कंपनी है जहां पर अकाउंटेंट की मांग की जाती है अकाउंटेंट की आवश्यकता उन्हें कंपनी के प्रॉफिट और लॉस की निगरानी करके कंपनी को लाभ की ओर उन्नतशील करना होता है जिससे कि कंपनी ज्यादा से ज्यादा मुनाफा कमाए।

इसके अतिरिक्त इसके अतिरिक्त स्टूडेंट के पास एक अन्य मौका भी होता है वह बीकॉम करने के बाद एलएलबी कर सकते हैं क्योंकि बिजनेस लॉ में भी student का कैरियर काफी अच्छा माना जाता है ।

बीकॉम ग्रैजुएट की Job Profiles बीकॉम के स्नातक डिग्री प्राप्त कर लेने के बाद स्टूडेंट को नौकरी के विभिन्न अवसर प्राप्त होते हैं आपको किस क्षेत्र में किस पद के लिए आपका सलेक्शन किया गया की जानकारी आप नीचे देख सकते हैं

1. इकोनॉमिस्ट

2. जूनियर एनालिस्ट

3. बिजनेस एनालिस्ट

4. ऑथर

5. अकाउंटेंट

6. बिजनेस डेवलपमेंट ट्रेनी

7. कंसलटेंट

8.कंपनी सेक्रेटरी

9. फाइनेंस ऑफिसर

10. सेल्स एनालिस्ट

11.टैक्स अकाउंटेंट

12. स्टॉक्ट ब्रोकर

इसके अतिरिक्त बीकॉम करने के बाद आपको विभिन्न क्षेत्रों में जॉब करने के अवसर प्राप्त होते हैं नीचे एक सूची तैयार की गई है(Job Areas After Completion B.Com) इनमें से किसी भी क्षेत्र में बीकॉम ग्रैजुएट स्टूडेंट अपना करियर बना सकते हैं

Job Areas After Completion

1 वर्किंग कैपिटल मैनेजमेंट

2. इन्वेंटरी कंट्रोल

3. ट्रीजुरी एंड फॉरेक्स डिपार्टमेंट

4. मार्केटिंग

5. इन्वेस्टमेंट बैंकिंग

6. एजुकेशन इंडस्ट्रीज

7. बजट प्लानिंग

8. बैंक

9. इंडस्ट्रियल हाउसेस

10. पब्लिक एकाउंटिंग फर्म्स

11. बिजनेस कंसल्टेंसी

12. पॉलिसी प्लानिंग

13. मर्चेंट बैंकिंग

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बिजनेस प्लान क्या है और केसे बनाये ?

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business plan
How to make business plan in hindi?

What is business plan ? How to make business plan -बिजनेस प्लान क्या है और केसे बनाये ?

बिजनेस प्लान क्या है ?

बिजनेस प्लान एक ऐसा document है जो किसी नए business से related “क्या”, “क्यों”, और “कैसे” जैसे प्रश्नों का answer देता है। For ex:

  •  हमारा बिजनेस क्या है?
  •  हम ये बिजनेस क्यों कर रहे हैं?
  •  हम इसे कैसे करेंगे? आदि।

एक बिजनेस प्लान किसी business को, उसके objectives को, उसकी strategies को,वह किस market में काम कर रहा है और उसके financial situation क्या हैं बताता है। Business Plan बताता है कि एक नए बिजनेस का goal क्या है और उसे कैसे achieve कर सकते है । business plan एक तरह से किसी business के गाइड या मैप की तरह होता है , जो व्यपार को ट्रैक पर रखने में मदद करता है।

बिजनेस प्लान किसी नए business के लिए बनाया जाता है लेकिन अगर कोई एक्ज़िस्टिंग ओर established बिजनेस है और उस पर बिज़नेस plan बनाकर कुछ नया करे तो वो भी आगे बढ़ सकता है।

जब भी कोई नया बिजनेस शुरु होता है तो बिज़नेसमेन  ज़रूर उसको लेकर कुछ प्लानिंग करता है। वो सोचता है कि मेरा business क्या होगा? मैं कहाँ से ये बिजनेस करूँगा? मेरे customer कौन होंगे? इसमें investment कितना होगा ? हम अपने बिजनेस की मार्केटिंग कैसे करेंगे? हमारा लक्ष्य क्या होगा?, etc. लेकिन बहुत से लोग इन चीजों को नहीं सोचते हैं । बिज़नेस प्लान दरअसल इन्ही बातों पर काम करता  है।

यहाँ ये भी आपको क्लियर कर दे कि बिजनेस प्लान सिर्फ स्टार्टअप पर ही नहीं , बल्कि एक्ज़िस्टिंग businesses पर भी एक बिजनेस प्लान बना सकता हैं, ये जब काम आता जब आपको बिज़नेस बढ़ना हो और fund की ज़रूरत हो। बिजनेस प्लान में लिखी बातें समय समय पर  व अलग तरीके और परिस्थितियों के हिसाब से बिजनेस प्लान में बदलाव किया जा सकता है।

 

बिजनेस प्लान क्यों बनाया जाता है

अगर आप यह सौच रहे हैं कि इसकी ज़रूरत क्या है? तो  ये जान लें कि जो बिज़नेस एक अच्छे business plan  के साथ शुरू होता हैं उनकी success होने के chance 30 प्रतिशत तक बढ़ जाते हैं।

बिजनेस प्लान की आवश्यकता क्या है? 

बिजनेस प्लान आपको अपने goals पर स्थिर रहने में मदद करता है और साथ ही कोई भी बिज़नेस के सक्सेस होने के चांस को बडा देता है ।

Business Plan आपके बिजनेस का एक हार्ड कॉपी देने मे और आपका बिज़नेस कैसा परफॉर्म कर रहा हैं, ये बताने के लिए एक बहुत बढ़िया जरिया है।

अच्छा business plan कैसे बनाए?

एक अच्छा business plan के अंतर्गत :

  • अगले 2-3 सालों में आपके महत्त्वपूर्ण भूमिका(objectives)क्या होंगी?
  • उन भूमिका को पाने के लिए आपकी strategies क्या होगी और
  • आपकी सबसे पहली विशेष प्राथमिकता (priorities) क्या होंगी?

इन चीजों के अनुसार आप किसी भी समय evaluate कर सकते हैं और आप जिस राह पर आगे बढ़ रहे हैं वो सही है या अपको कुछ विशेष बदलाओं करने की ज़रूरत है।

business plan का क्या मुख्य काम है?

बहुत से लोग सोचते हैं कि बिजनेस प्लान का काम बस external funding या internal funding लेने में काम आता होता है।जी हाँ investors, banks, venture capitalist firm आपके ideas में पैसा लगाने से पहले बिजनेस प्लान ज़रूर देखते हैं, लेकिन अगर आप self-funded हैं तो भी आपको business plan ज़रूर बनाना चाहिए। 

बिजनेस प्लान का सबसे बड़ा फायदा यह है कि आपके खुद के दिमाग में सफाई आती है कि आप को क्या और कैसे करना चाहते हैं।

नीचे दिए गए संस्था या लोग जो आपसे बिजनेस प्लान मांग सकते हैं:

  • Banks
  • External investors – venture capitalist firm या कोई businessman या individual investor
  • किसी तरह की grant देने वाला 
  • आपका बिजनेस या आइडिया को खरीदने में दिलचस्पी रखने वाले लोग
  • ऐसा व्यक्ति या लोग जो आपके बिजनेस partner बनना चाहते हैं
  • Government agencies या officers

एक अच्छे बिज़नेस प्लान को बनाने से पहले कुछ बातों का ध्यान रखा जाता है। यह निम्नलिखित हैं :

इस बिज़नेस प्लान को बनाने का मुख्य उद्देश्य (Core Objective) क्या है ?

Business Plan को किन लोगों के लिए बनाया जा रहा है क्या वो लोग इसमे पैसा लगायेगे और या फिर इसे पढ़ने वाले लोगों में Investors या Bankers हैं जिनका धन व्यवसाय में Invest हुआ है ?

Business Plan में क्या-क्या शामिल है?

आपको एक विस्तृत Business Plan चाहिए ?

जब इन प्रश्नों का उत्तर मिल जाता है तो एक businessman अपना बिज़नेस प्लान बनाना शुरू करता है। 

Business Plan में निम्न मुख्य विषयों पर ध्यान दिया जाता हैं:-

बिजनेस का उदेश्य क्या है – एक अच्छी तरह से बनाया हूआ बिज़नेस प्लान किसी भी बिज़नेस के मुख्य उद्देश्यों को दर्शाता  है। इस Business Plan के माध्यम से व्यवसायी ने अपने भविष्य के सपने संजोता है। इसका पता एक अच्छे बिज़नेस प्लान से चलता है । इन मुख्य उद्देश्यों से आपके बिज़नेस से जुड़े लोगों को क्या लाभ होगा, इसका पता भी बिज़नेस प्लान से ही चलता है।

  1. Business के स्पष्ट विवरण का वर्णन – Business Plan के माध्यम से किसी भी बिज़नेस के बारे में पूर्ण रूप से का पता लगा सकते है। इस बिज़नेस प्लान के द्वारा यह पता चलता है की आपने अपना बिज़नेस कैसे शुरू किया था और आपका क्या मुख्य उद्देशय है ।
  2. व्यवसाय के उत्पाद और सेवाएँ क्या हैं – Business Plan को बनाते समय व्यवसायी यह निश्चित कर सकता है की उसे अपने बिजनेस मे या तो किसी प्रकार के Products का उत्पादन करना है और कोई Services देनी है।
  3. मार्केट विश्लेषण में सहायक – व्यवसायी जब Business Plan को बनाता है तो उससे पहले वह अपने बिज़नेस से जुड़े बाजार को देखता और समझता  (Market Analysis) है। इसके माध्यम से ही वह आगे  होने वाले फायदे और नुकसान के बारे में पता लगा सकता है।
  4. व्यावसायिक Structure का विवरण – किसी भी व्यावसायिक ढांचे में उसके कर्मचारी और साथी की क्षमताओं का पता लगता है। 
  5. संसाधनों का उपयोग – किसी भी बिज़नेस मे बिज़नेसमैन के द्वारा शुरुआत मे सबसे अच्छा साधन उसमें लगाया गया धन और व्यवसायी का समय होता है। Business Plan को बनाते समय आपको यह सोचना होगा की इन दोनों महत्वपूर्ण टूल्स का उपयोग कैसे करना है।
  6. लक्ष्य निर्धारण – किसी भी काम को सफलतापूर्वक करने के लिए उसका goal का निर्धारित करना जरूरी है। Business Plan को बनाते समय बिज़नेस के goal का निर्धारित करना सरल हो जाता है ।

How to make a business plan 

एक business plan में मुख्य निम्लिखित sections होते हैं:

किसी भी Business Plan का कोई फिक्स फॉर्मेट नहीं होता है और इसे आवश्यकता और समय के अनुसार बदला जा सकता है ।

 

1 एग्ज़ीक्यूटिव संक्षेप (Executive Summary)

एग्ज़ीक्यूटिव संक्षेप किसी भी बिज़नेस प्लान का पहला हिस्सा होता हैं और इसके अंतर्गत बिज़नेस प्लान से सम्बंधित सभी महत्वपूर्ण बातों को संक्षेप के रूप में लिखा जाता हैं|  

Business Model, Management Team,  Goals, Financial Projection, Fund or Loan Required ,Marketing Plan,Business Nature, Legal Structure, Product or Services, Target Market,आदि 

Business Plan का पूरा सार इस भाग में लिखा होता हैं, इसलिए इस भाग को सबसे आखिर में लिखना बेहतर होता हैं|

 

2 व्यावसायिक पृष्ठभूमि (Company or Business Overview)

इस हिस्से में आपके बिज़नेस से सम्बंधित पूरी जानकारी को विस्तृत रूप में लिखा जाता जैसे व्यवसाय की प्रकृति

आप क्या बेचेंगे ,Product or Service Description,

आपका Target Market क्या हैं,व्यवसाय का Legal Structure, साझेदारी या कंपनी हैं,कर्मचारी और मैनेजमेंट टीम,,व्यावसायिक स्थल

इसके अलावा इस हिस्से में बिज़नेस के Product या Services से जुडी सभी बातों को विस्तृत रूप में लिखा जाता हैं जैसे:-

आपका प्रोडक्ट या services से कौन सी समस्या घट  रही हैं या यह लोगों के क्या काम आ रहा हैं?

आपका product या services दुसरी कंपनी  से कितना अलग हैं?

लोग आपके Product या services को क्यों खरीदेंगे?

आप अपने productया services को कैसे बनायेगे और क्या याह सबसे बेहतर तरीका हैं?

क्या आपने products या services का registration  करवा दिया हैं?

 

3 बाजार विश्लेषण Market Analysis 

इस हिस्से में आपके Product या Service के Target Market से जुडी सभी मुख्य बातों का anlysise किया जाता है जैसे टारगेट मार्केट, मार्केट साइज़ और Demand

आप किसे बेचेंगे ( टारगेट Customer), आपके कॉम्पिटिटिव कौन हैं और उनके पास कितना Market target हैं, उनकी शक्तियां और कमजोरियां भी बिज़नेस प्लान का मुख्य हिस्सा हैं।

 

4 बाजार रणनीति Marketing Strategy 

Business Plan का यह चोथा हिस्सा हैं और बहुत महत्वपूर्ण भी माना जाता है। इस हिस्से वह सभी नीतियों वर्णन होता है जो आप अपने Product या Services को customer तक पहुँचाना है और Market मे लाना चाहते हैं। इस भाग के अंतर्गत आपको निम्न बातों को निश्चित करना होता है की :-

आपके Product या Service market में अपनी जगह कैसे बनायेंगे, Target Customer कौन हैं ,Pricing Policy क्या होगी , Product या Service को किस तरह से लोगो तक पहुचायेगे जैसे Marketing, Advertisement ,Social Media आदि .

डिस्ट्रीब्यूशन चेनल क्या होगा,बचने की Strategy क्या होगी?

 

5 Operations  कार्यप्रणाली 

यह एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं बिज़नेस प्लान का जिसमें बिज़नेस कार्यप्रणाली यानि कि बिज़नेस कैसा चलेगा? इससे जुडी सभी बातों की विस्तृत जानकारी होती हैं ।

1 Business Place – आप किस जगह पर अपना व्यवसाय करेंगे या फिर क्या आप जगह खरीदेंगे या किराए पर लेंगे|

2 Production Facility and System – आपके पास प्रोडक्शन Facility किस प्रकार की हैं और क्या यह जरूरत के लायक हैं|

3 Purchase Plan – आप अपनी मशीन को किस तरह से खरीदेंगे और क्या यह सबसे बेहतर तरीका हैं ।

4 Production Plan – आप किस प्रकार अपने Product या services का उत्पादन करेंगे| Demand  पर या Estimates के आधार पर।

5 Workforce Structure and their roles – आपके कर्मचारियों के पद, कार्यक्षेत्र और उनकी जिम्मेदारियां क्या होगी।

6 Systems and Information Technology – आपके बिज़नेस का मुख्य it system किस तरह का होगा।

7 Stock Facility – आप कितना माल रखेंग और कहाँ पर रखेंगे।

 

6 Financial Analysis वित्तीय योजना

वित्तीय योजना किसी भी बिज़नेस प्लान का सबसे महत्वपूर्ण भाग होता हैं क्योंकि यह हिस्सा आपके बिज़नेस  की सारी महत्वपूर्ण बातों numbers में प्रस्तुत करता हैं| इसी भाग से bank  या venture Firms को आपके business की वित्तीय स्थिति और पूँजी की आवश्यकता का पता चलता हैं जिसके आधार पर Banks लोन देती हैं और Venture Capital Firms, निवेश करते हैं| यह भाग मुख्य रूप निम्न बातों को दर्शाता हैं 

 

आपको Business के लिए कितनी पूँजी या फंड की जरूरत हैं और इसका उपयोग कहाँ  पर करेंगे आप इस पूँजी को कैसे जुटाएंगे Loan, Venture Funding, Own Capital etc., कितने वर्ष के लिए लोन  लेंगे, इसकी सुरक्षा क्या होगी और इसको वापसी कैसे भरोगे , बिज़नेस  के Revenue/Income जरिये क्या होंगे ,Business के खर्चे क्या होंगे (Purchases, Interest Payment, Rent etc.) अगले 3-5 वर्षों Profit & Loss prediction Balance Sheet.

बिज़नेस प्लान आपके आइडिया या बिज़नेस एक बहुत मुख्य हिस्सा है इसलिये इसे बनाते समय इसमे सावधानी बरतनी चाहिए।

यह भी पढ़ें:- 

30+ Low Investment Business Ideas in Hindi

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Business Ideas
30+ Business Ideas in hindi

30+ Low Investment Business Ideas in Hindi – 30 कम पूंजी मे आपना बिजनेस शुरु करने के नये आइडियास इन हिंदी |

Top low Investment Business Ideas

आज कल की मेह्गाई की की दुनिया में हर कोई व्यक्ति  अपना व्यापार खोलना चाहते है परतु वह दो कारण की वजह से फिर रुक जाता है। जिसमे पहला कारण है की कौन सा व्यापार खोले ओर दुसरा कारण पूंजी की कमी।

, तो यदि आप भी आपना रोजगार खोलना चाहते है और यही कन्फुय्जन मे है की कौन सा व्यापार सही रहेगा?कितनी पूंजी और समय लगेगा?

तो आज हमारे इस आर्टिकल के माध्यम से हम आपको एसे तीस बिज़नेस बताने वाले जिनमे कम निवेश लगाकर भी आप जल्दी उचाईयों पर पहुँच सकते है , तो इस आर्टिकल को अंत तक पढे और इन आइडियास का लाभ उठाये।

इन आइडियास की यह भी एक खासियत है कि इन्हे कोई भी housewife , स्टूडेंट (student ) या फिर बिज़नेसमेन  (businessman) असनी से शुरु कर सकते है।

सबसे पहले कोई भी व्यापर को चुनने से पहले आपको यह जानना और समझना होगा की ,क्या यह बिजनेस आपके बजट मे है? क्या इस बिजनेस की मुझे पूर्ण रूप से जानकारी है? और यदि है तो कितना समय लगेगा इसे ऊचाईयां हासिल करने में ?

आईये जानते है कुल एसे 30 स्वयं बिजनेस आइडियास जिससे आप आज ही शुरू कर सकते हैं और अपना व्यापार चालू कर सकते हैं।

क्योँकि जहाँ चाह है वहां राह है।

30+ कम पूंजी मे बिज़नेस कुछ निम्न रूप से है।

  • सोलर बिज़नेस (Solar Business Ideas) :

पूरे भारत मे ही बलकी विश्व में भी बिजली की जरुरत  जैसे-जैसे बढ़ती जा रही है वैसे ही  इसके बडाने के साधन भी बढ़ते जा रहे है|

ऐसे में सोलर बिज़नेस (Solar Business) ने काफी अच्छी प्रगति की है और आप भी उसका हिस्सा बनकर काफी अच्छा पैसा कमा सकते है|

आप भारत की टॉप सोलर कम्पनी Loomsolar (लूम्सोलर) के साथ जुड़कर मात्र हजार रुपये के इन्वेस्टमेंट में महीने के 30 हजार से 1 लाख रुपये तक की इनकम कर सकते है|

Loomsolar आपको तीन तरह से कमाई करने का मौका देता है, :

  1. Dealer डीलर
  2. Distributor डिस्ट्रीब्यूटर और
  3. Solar Installer सोलर इंस्टाललर

बनकर अपना व्यवसाय शुरु कर सकते है|

अधिक जानकारी के लिए आप Loomsolar.com पर जाकर जानकारी प्राप्त कर सकते है|

किराना की दुकान (Grocery Shop) :

किराना की दुकान(Grocery Shop) हमेशा से ही एक अच्छे बिजनेस में गिना जाता है|

सबसे बड़ी बात तो यह है कि इसके लिए आपको किसी विषेश रूप की जानकारी की जरुरत नहीं है।

जिस क्षेत्र में किराना की दुकान कम हों वहाँ दुकान लगाना एक अच्छा विकल्प है, क्योकि वहाँ कॉम्पिटिशन ना होने के कारण आपके बिजनेस के सक्सेस होने के कारण काफी ज्यादा बढ़ जाते है|

इसमें आप कुछ अन्य सुविधाएँ, भी कर सकते है जिससे आप और ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंच सकते हैं  –

  • Home Delivery करना|
  • दूसरी दुकान से 2 या 4 रुपये कम पर माल बेचना जिससे आप का गाहक आपके पास ही आयेगा।

देखा जाए तो ये वाकई छोटी चीजे है पर ये अक्सर काफी बड़ी बैन जाती है| इसकी मदद से आपका किराना shop  और भी तेज़ी से आगे बढ़ेगा ।

फ्रीलांसर (Freelancer )

अगर आप भी आपने समय पर काम करना पसंद करते है और साथ ही अच्छे पैसे भी कमाना चाहते है तो आप फ्रीलांसर बन कर यह सब कर सकते। इसके बाद आप एक फ्रीलांसर एजेन्सीज़ भी खोल सकते हैं।

अगर आपके अन्दर –

Web Designing

Software Development

Content Writing

Photo Editing

Translation

आदि जैसा या अन्य कोई कंप्यूटर से जुडा हुनर हैं तो आप भी आसानी से अपना बिज़नेस कर सकते हैं|

इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि आप काम करने का समय, कीमत और जगह खुद निर्धारित करते हैं  साथ ही

इसे आप part time भी कर सकते है।

 

इंटीरियर डेकोरेटर(Interior Decorator)

अगर आपको भी घर सजाने और वास्तु सस्त्र मे रुचि है तो

आप भी इंटीरियर डेकोरेटर का बिज़नेस शुरु करके सकते हैं, और अच्छी रकम भी कमा सकते है ।

आप घर के अलावा ऑफ़िस  और दुकान  के भी order ले सकते है |

इस में expert होने के लिये आप इसका कौर्से कर सर्टिफ़िकेट प्राप्त कर सकते है ।

 

बेकरी(Bakery Business)

 बेकरी भी एक बहुत आच्छा business है।जिसे

 कम पूंजी मे ही शुरु कर जा सकता है।

आप ब्रेअद,toast ,बिस्किट बनाकर या फिर व्होसलेलर से भी खरीद कर बेच सकते है।

इसकी आप होम delivery भी कर सकते है ,जिससे आपकी और ग्रोव्थ होगी और jaldhi आगे बड़ेगे।

 

टिफिन सेंटर (tiffin center)

अगर आप अच्छा खाना बनाते हैं तो जी हा आप यह बिज़नेस बड़ी आसानी से खोल सकते है। यह वव्साय housewives के लिये बहुत अच्छा रोजगार है।

इसमे Customer खोजने के जरुरत नहीं होती, क्योकि वह पहले से ही मौझुद होते है| ये काम आप अपने घर से ही कर सकते हैं और इसमें आमदनी भी काफी अधिक है|

 

Electronic Store (इलेक्ट्रॉनिक स्टोर)

आप थोडा सा अधिक पूंजी जुटाकर एक इलेक्ट्रॉनिक स्टोर  भी खोल सकते हैं| इलेक्ट्रॉनिक की मांग बहुत ज्यादा बढ़ती जा है और कोई भी व्यक्ति एक  इलेक्ट्रॉनिक स्टोर खोलकर आसानी से अच्छी आमदनी कमा सकता है|

पहले आप कम margin पर काम करे फिर जब कस्टमर्स एक बार बड जाए फिर margin बडा दे।

 

Real Estate Agent (रियल एस्टेट एजेंट)

यदि आपकी कम्यूनिकेशन स्किल्ल अच्छी है तो आप Real Estate Agents बन कर लोगों को उनकी पसंद से घर या जमीन दिलाने में मदद करे और उसके बदले में Property की कीमत का 1-2% कमीशन ले।

 

Juice Shop ( जूस की दूकान)

आजकल लोगों मे फ्रेश juice बहुत चलन मे और यदि आप कम पूंजी मे एक स्टेबल बिज़नेस start करना चाह रहे हे तो यह एक अच्छा बिज़नेस है और अच्छी कमाई भी कर भी देगा।इसे आप आपने घर पर भी खोल सकते है।

 

Candle Making Business Ideas (मोमबत्ती बनाना) /chalk making

Candle Making (मोमबत्ती बनाना) /chalk making  एक बहुत ही अच्छा Business है|

Market में मोमबत्ती और chalk की बहुत ही ज्यादा Demand है । Candle Making (मोमबत्ती बनाना) /chalk making बिज़नेस Start करने के लिए आपका Budget 10,000 रुपए से ज्यादा होना चाहिए और यदि आप इसे तेजी से ग्रो करना चाहते है तो कुछ Workers को भी काम पर रख ले।

 

Handicrafts Business Ideas – हेंडीक्राफ्ट

हेंडीक्राफ्ट भी आजकल एक बहुत ही ज्यादा profitable Business है, जो बहुत ज्यादा चर्चित हो रहा है|

यदि आप अच्छा best out औफ़ waste बनाना आता है तो आप के लिए एक यह अच्छा बिज़नेस है।

आप 5000-10000 रूपए के Budget में खोल सकते है|

इसमें सबसे जरुरी चीज यह है की आपकी  क्वालिटी अच्छी होनी चाहिये ।

 

Incense Stick Business (अगरबत्ती का बिज़नेस)

अगरबत्ती का बिज़नेस कम पूंजी एवं आधिक लाभ वाले Business में आता है| अगरबत्ती एक ऐसा माल है, जो लगभग सभी तरह के धर्म के लोग उपयोग करते है|

अगरबत्ती के Business में आपको बहुत ही कम पूंजी प

मे अच्छा Profit मिल जाएगा|

 

Toy Shop – खिलौना शॉप

अगर आप एक ऐसे जगह पर रह्ते है जहा कम खिलौना शॉप तो आप आपने घर पर ही खोल सकते है इसमे

बहुत ही कम पूंजी मे अधिक कमाई होती है।

यह एक बहुत ही अच्छा बिज़नेस है जो कम से कम पूंजी मे शुरु हो सकता है।

 

Yoga Class योग कक्षा

आजकल योग टीचर बनना नया प्रोफेशन है।और

यदि आप योग के फायदे जानते तो आप इसे एक बिज़नेस भी बना सकते है। यह एक part time business है पर आप इससे कमा सकते है ।

एक  योग कक्षा आप अपने घर के अंदर भी खोल सकते है, इसमें आपको बहुत ही कम पूंजी की आवश्यकता होगी  है|

 

Chocolate making Business Ideas – चॉकलेट बनाना

अगर आप अच्छी चॉकलेट बनाना जानते है तो आप या एक बिज़नेस मे भी बदल सकते है और कम निवेश मे ही ज्यदा पैसा कमा सकते है ।

आप अपने घर में ही एक चॉकलेट की दुकान खोल सकते है । यह बिज़नेस को और बड़ाने के लिये आप घर पर ही इसकी क्लास भी चालू कर सकते है ।यह housewives ओर student के लिये अच्छा बिज़नेस है।

 

Dance Classes (नृत्य कक्षाएं)

यदि आपको अच्छा नृत्य करना आता है, तो आप एक नृत्य कक्षाएं खोल सकते है| आप एक नृत्य कक्षा कि टीचर  बनकर अच्छी कमाई कर सकते है|

इसके लिए आप अपने घर में ही कक्षाएं खोल सकती है, साथ ही इस बिज़नेस में आपको अधिक पूंजी की आवश्यकता नहीं है|

Parking (पार्किंग)

आपके पास यदि एक अच्छी खाली जगह है और मार्केट के पास , तो आप उसे आसानी से बिज़नेस कर सकते है| आप वाहन के हिसाब से कस्टमर्स से पैसे ले साकते है

आप 10-40 रुपए भी ले सकते है ।

 

Plant Shop (पौधों की दुकान)

अगर आप पेड़ पौधों लगाने की जानकारी रकते है तो आप एक अच्छी जगह कराये पर लेकर nusury का बिज़नेस start कर सकते हैं।

आप कम पूंजी में इस Business की शुरु कर सकते है और अगर आप पौधों की Home Delivery करके अधिक पैसा कमा सकते है|

 

DJ ध्वनि सेवाएं (DJ Sound Services)

DJ ध्वनि सेवाएं आजकल बहुत प्रचलित है| जब भी कोई पार्टी  या बारात होती है, तो लोग उस्स्साह बनाने के लिए DJ को बुलाते  है|

ऐसे में यदि आप इस बिज़नेस को शुरू करते है, तो आपके लिए यह एक छोटा part टाईम बिज़नेस होगा, जिसमे आप अच्छा पैसा कमा सकते है|

इसे शुरू करने के लिए आपको पहले आपको कुछ DJ Tools खरीदने की आवश्यकता होगी एवं आपको 2

3-4 व्यक्तियों को काम पर रखने की आवश्यकता होगी|

 

फोटोग्राफर (Photographer )

 अगर आप फोटोग्राफी मे दिल जस्पी रक्ते और अच्छा camera चलना जानते है तो आप यह बिज़नेस की शुरुआत आज से ही कर सकते है। आज कल फोटोग्राफर बहुत ही चलन मे है। इसका फायदा उठाकर आप भी आच्छा पैसा कमा सकते है।आप शादी के,pre -weeding और सगाई जैसे इवेंट के ऑर्डर लेकर कमा सकते है।

 

Gift Store – गिफ्ट स्टोर

आजकल हर कोई व्यक्ति को हर उपलक्ष पर किसी ना किसी को गिफ्ट देने का सोचता है, और इसी को ही आप अपना बिज़नेस बना सकते है।इस आप आपने घर पर भी शुरू कर सकते ओर home delivery कर आपना business बडा सकते हैं।इसमें आप कस्टमर्स को सही गिफ्ट चुनना बताएगे।

 

Driving School Business Ideas – ड्राइविंग स्कूल

यदि आप कार चलना जानते है तो आप इसे एक बिज़नेस मे भी बदल सकते है। इसके लिये आपको एक कार की जरुरत होगी बस यह बहुत ही कम पूंजी वाला बिज़नेस है

और part time भी है।

 

Fashion Designer Business Ideas – फैशन डिजाइनर

यदि आप का फैशन sense अच्छा है तो fashion डिज़ाइनर का कौर्से कर एक अचछि डिज़ाइनर बन सकेंगे।

यह व्यवसाय घर भी शुरुआत कारी जा सकती है।

और इस व्यपार मे बहुत ही कम पूंजी लगती है।

 

इसके अलावा आप इन अन्न्य Business Ideas को भी देख सकते हैं:

  • Travel Agency – ट्रेवल एजेंसी
  • E-book Author – ई-बुक लेखक
  • Clothing Business – कपड़ों का बिज़नेस 
  • Security Agency – सिक्यूरिटी एजेंसी
  • Paper Products Manufacturing – पेपर प्रोडक्ट निर्माण
  • Breakfast Corner Shop -नाश्ते की दूकान
  • Insurance Agent – इंश्योरेंस एजेंट
  • Computer Trainer – कंप्यूटर ट्रेनर

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How to start a blogging in hindi ? ब्लॉगिंग कैसे शुरू करें Guide for 2020

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How to start a blogging in hindi
How to start a blogging in hindi ? ब्लॉगिंग कैसे शुरू करें Guide for 2020

How to start a blogging in hindi ? 

आज में आप को step-by-step blogging hindi मे बताऊंगा। यह उतना जटिल नहीं है जितना कई लोग सोचते हैं।

आप 9 आसान step में blog शुरू कर सकते हैं।

  • step 1 – अपने blog के लिए perfect niche select करें।
  • step 2 – blogging के लिए platform select करें।
  • step 3 – अपने blog के लिए domain name select करें।
  • step 4 – अपने blog के लिए web hosting लें।
  • step 5 – अपने blog WordPress पर स्टार्ट करें।
  • step 6 – blog को  design करने के लिए WordPress theme select करें।
  • step 7 – अपने blog के लिए post लिखें।
  • step 8 – अपने blog को promote करें।
  • step 9 – अपने blog को monetize करें।

आप blog क्यों शुरू कर रहे हैं?

9 step of blogging start करने से पहले आपका why? clear होना चाहिए। यानी आपको पता होना चाहिए की आप blog क्यों शुरू कर रहे हैं। क्या आप कोई social message देना चाते हैं ? या फिर मेरी तरह आपके पास कोई skills हैं जिन्हे आप लोगों को सीखाना चाते हैं?

एक ब्लॉग आपको inform करने, educate करने, आपके business को promote करने में और यहां तक कि sale करने में भी मदद करता हे, पर आपको  पता होना चाहिए की आपको करना क्या हे।

step 1 :- अपने blog के लिए perfect niche select करें।

इससे पहले कि आप एक सफल blog start करना सीखें, आपको पहले अपनी niche select करनी होगी, यह पता लगाना होगा कि आपके लिए profitable niche कोनसी हे ,और आपके target readers कोन हें। niche एक विषय है जिसके बारे में आपका blog रहने वाला हे। niche blog को monetize करना आसान होता है इसे एक example से समझते हैं।

मान लीजिये की आपने food blog start किया आपने food से related post लिखे, अब इस blog से आप बहुत सारे तरीके से monetize कर सकते हो जेसे add network, amazon affiliation, brand promotion, online courses etc.

 

अपने blog के लिए एक niche कैसे चुनें

एक सफल ब्लॉगर बनने के लिए, आपको सही niche का चयन करना होगा और उस niche के भीतर पूरा knowledge होना चाहिए या फिर आपको knowledge प्राप्त करने पर काम करना होगा।

आप अपनी niche सिर्फ अपना interest देख के मत select करये क्योंकि अगर आपका interest ऐसी niche पर हे जिसमें बहुत competitive है तो आपको profitable बनने में एक साल या इससे भी ज्यादा लग सकता है।

आपके blog का niche ऐसा होना चाहिए जो low competitive हो और उस पर आप 30 topic बना सकें और उन topic पर minimum 1200 word लिख सकें।

low competition blogging niche idea for How to start a blogging in hindi

  • Gaming
  • Fashion
  • Tiny Houses
  • Movie Review
  • Baby
  • Local Blog
  • cat
  • Wedding
  • Product Review
  • SEO Niche
  • Fitness
  • Health
  • Photography
  • DIY
  • Kitchen Gadgets
  • Religion
  • Food
  • News sites
  • Money
  • Personal Finance
  • Careers
  • Celebrity Net Worth

step 2  blogging के लिए platform select करें।

Free platforms

यदि आप blogging को गंभीरता से लेना चाते हैं। तो आपको इन platforms से दूर रहना चाहिए। blogging को एक business की तरह लेना चाहिए और business में आपको invest करना ही पड़ता है। में आपको कम से कम investment के सात blogging बताऊंगा

मुफ्त blog प्लेटफ़ॉर्म जैसे कि Blogger, या Tumblr पर यदि आप blog बनाते हैं तो आप उनके नियमों और प्रतिबंधों के अधीन होंगे। यदि आप यह जानना चाहते हैं कि blog के साथ पैसा कैसे बनाया जाए, तो वे आपके blog पर विज्ञापनों को सीमित या प्रतिबंधित कर सकते हैं, या वे अपने स्वयं के विज्ञापन भी दे सकते हैं। यदि आप blogging के बारे में गंभीर हैं, तो  निशुल्क blog साइटों से दूर जाना चाहते हैं।

WordPress 

हमारे देश में 95% website WordPress पर बानी हुई हैं। हमने भी अपने सभी blog wordpress.org से बना रखे हैं। WordPress.org एक ओपन सोर्स ब्लॉगिंग प्लेटफॉर्म है जो आपको मिनटों में अपनी वेबसाइट या ब्लॉग बना सकते हैं।

step 3  अपने blog के लिए domain name select करें।

domain name वह होता हे जिस नाम से आप online जाने जाते हैं। जैसे की google.com, amazon.in ayushbisht.com etc.

domain name जितना छोटा होगा लोगों के लिए याद रखना आसान होगा। इसी लिए domain name हमेसा छोटा और सरल लें।

अगर domain name आपके niche से मिलता जुलता हो तो आपको ranking में आसानी हो सकती हे।

कुछ paid hosting के साथ आपको domain name free में मिल जाता है।

step 4  अपने blog के लिए web hosting लें।

web hosting एक computer ही है जिस पर आपकी website store रहेगी। यह super computer 24 hrs खुले रहते हैं ताकि आपकी website को कोई भी 24 hrs access कर सके।

सही hosting लेना सबसे जरुरी है। एक खराब hosting आपके blog के performance को खराब कर सकती है।

successful blog के पीछे hosting का बहुत बड़ा role होता है। यह सबसे best hosting हैं siteground hosting  में अपनी सभी website में use करता हूँ।

How to start a blogging in hindi ?

यह section आपको वेब hosting account के लिए साइन अप करने और WordPress blog setup करने में मदद करने के लिए detail जानकारी प्रदान करता है। एक उदाहरण के रूप में, मैं आपको दिखाऊंगा कि siteground के साथ एक blog कैसे बनाया जाए, और मैंने उन pages के screenshot शामिल किए जिन्हें आपको गुजरना है।

Choose a Hosting Plan

आपके लिए GrowBig Plan सबसे सही हे , इससे आप कई website host कर सकते हैं और इसमें SuperCacher शामिल हैं जो वेबसाइट की गति में सुधार करता है। पर यदि आपका budget नहीं हे तो आप startup Plan के साथ भी जा सकते हैं।

 

How to start a blogging in hindi

Domain Name select करें।

आप नया डोमेन खरीदने का विकल्प चुन सकते हैं, या किसी मौजूदा डोमेन के साथ sign up कर सकते हैं।

How to start a blogging in hindi

 

Review and pay

How to start a blogging in hindi

 

step 5  अपने blog WordPress पर स्टार्ट करें।

अब आपको सिर्फ अपने hosting plan पर WordPress install करना हे इस साधारण से स्टेप के बाद आपका WordPress स्टार्ट हो जायेगा।

step 6  blog को  design करने के लिए WordPress theme select करें।

WordPress theme आपको बहुत ही सावधानी से करना है। इस website में में newspaper theme ues कर रहा हूँ ये एक premium theme है।  आप free theme का इस्तेमाल भी कर सकते हैं wpocean और genises theme undoubtedly सबसे best theme hen.

Congratulations, अब आपका blog launch के लिए ready है 

step 8  अपने blog को promote करें।

अब आप अपने blog पर पोस्ट लिख सकते हैं। blog को आप social media पर share करके या और paid add run करके promote कर सकते हैं जिससे आपके blog पर initial traffic आएगा।

step 9  अपने blog को monetize करें।

blog को monetize करना new blogger के लिए काफी मश्किल होता हे। आप अपने blog को add network से add लगा कर rupees earn कर सकते हैं इसमें आपको patience रखने की जरुरत हे। आप affiliate marketing से भी revenue generate कर सकते हैं अपने blog से related product या service के पीछे affiliate program google पर search करके देखें और उन्हें join करके अपने पोस्ट पर share करें।

अगर आपका niche product से related हे तो आप amazon, flipkart जसी e-commerce company को भी join कर सकते हैं।

यह भी पढ़ें:- 

How to start a blogging

हमें यकीन है की “How to start a blogging”,पोस्ट के द्वारा आप blogging के बारे में जान चुके होंगे यदि आपका कोई सवाल हो तो नीचे कमेंट में पूछ सकते हैं।  

Digital marketing क्या है? digital marketing business कैसे करें?

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digital marketing business
digital marketing business

आज के समय में यदि आपको Digital marketing की अच्छी जानकारी हो, तो आप के लिए किसी भी बिज़नेस में सफल होना काफी आसान हो जाता है।

डिजिटल मार्केटिंग भी अन्य मार्केटिंग की तरह आपके बिज़नेस को कस्टमर के साथ जोड़ने का एक तरीका है।

अंतर केवल इतना है, की डिजिटल मार्केटिंग में आप कम पैसों में अधिक पोटेंशियल कस्टमर तक पहुँच सकते हैं। 

डिजिटल मार्केटिंग इतनी तेजी से ग्रो हो रही है, क्योंकि ऑफलाइन मार्केटिंग उतनी कारगर नहीं है। साथ ही ऑफलाइन मार्केटिंग में कस्टमर का कोई डाटा नहीं रहता।  

Digital marketing क्या है?

आज के समय में हमारे देश में करीब 50% लोग इंटरनेट पर मौजूद हैं। वो लोग दिन में average 4 से 5 घंटे फ़ोन का इस्तेमाल करते हैं।

यदि हम इंटरनेट के द्वारा अपने बिज़नेस  की मार्केटिंग करते हैं तो उसे डिजिटल मार्केटिंग कहते हैं।

इंटरनेट के माध्यम से हमें इतने कस्टमर मिल जाते हैं, की हम अपने बिज़नेस को आसानी से ग्रो कर सकते हैं। 

डिजिटल मार्केटिंग के बहुत से सफल उदहारण हैं जैसे ईमेल मार्केटिंग, सोशल मीडिया मार्केटिंग और ब्लॉग्गिंग.

digital marketing के प्रकार

आज इंटरनेट पर मौजूद लगभग सब कुक्ष डिजिटल मार्केटिंग के अंतर्गत आता है। यह आप और आपके बिज़नेस पर निर्भर करता है, की नीचे दिए गए ऑप्शन में से आप किसे अपनाते हैं।

  • स्रर्च इंजन ऑप्टिमाइजेशन (SEO)
  • कंटेंट मार्केटिंग
  • सोशल मीडिया मार्केटिंग 
  • पे-पर-क्लिक (PPC)
  • एफिलिएट मार्केटिंग
  • ईमेल मार्केटिंग
  • स्पोंसरड कंटेंट
  • इनबाउंड मार्केटिंग
  • मार्केटिंग ऑटोमेशन 

ऊपर दी गयी लिस्ट में डिजिटल मार्केटिंग के कुछ महत्वपूर्ण तकनीक है। जिन्हें अब हम विस्तारित करंगे:

स्रर्च इंजन ऑप्टिमाइजेशन (SEO)


स्रर्च इंजन ऑप्टिमाइजेशन वो प्रकिया है जिससे आप अपने बिज़नेस को गूगल सर्च रिजल्ट पर रैंक करवा सकते हैं।

यदि आप अपने बिज़नेस के प्रचार में पैसे नहीं लगाना चाते तो स्रर्च इंजन ऑप्टिमाइजेशन आपके लिए अछा ऑप्शन है। 

स्रर्च इंजन ऑप्टिमाइजेशन के द्वारा आपको बिना किसी पैसे के आर्गेनिक रैंकिंग से अच्छे विजिटर मिल जाते हैं। 

स्रर्च इंजन ऑप्टिमाइजेशन से लाभ हर कोई नहीं उठा सकते। SEO से लाभ उठाने वालों में वेबसाइट, ब्लॉग और इन्फोग्राफिक्स शामिल हैं।

SEO करने के बहुत से तरीके हैं जिनमें ये कुछ महत्वपूर्ण तरके हैं:

  • ऑन पेज
  • ऑफ पेज 
  • टेक्निकल

ऑन पेज SEO

ऑन पेज SCO में पूरी तरह कंटेंट पर जोर दिया जाता है।

इसमें आप कीवर्ड रिसर्च करके आर्टिकल लिखते हैं, और कीवर्ड सर्च वॉल्यूम का खाश ध्यान रखा जाता है। 

ऑफ पेज SEO

ऑफ पेज SEO में आप ऑफ पेज की उन सभी गतिविधियों का ध्यान रखते हैं, जो आपके बिज़नेस की आर्गेनिक रैंकिंग में प्रभाव डालती हैं। 

अब आपके मन में सवाल आ रहा होगा यह गतिविधियाँ कौन सी हैं ?

इसका जवाब है, इनबाउंड लिंक जिसे बैकलिंक भी कहते हैं। 

बैकलिंक के लिए आपको अपने से हाई अथॉरिटी साइट के लिए गेस्ट पोस्ट लिखना होगा, और उस पोस्ट से अपने आर्टिकल को लिंक करना होगा। 

सिर्फ यही नहीं सभी सोशल मीडिया पर अकाउंट बना कर अपने आर्टिकल को शेयर कर सकते हैं। इससे आपके आर्टिकल की अथॉरिटी बढ़ेगी जिससे आर्टिकल को गूगल पर रैंक होने में मदत मिलेगी। 

टेक्निकल SEO

टेक्निकल SEO में वेबसाइट के बैकेंड पर काम किया जाता है। 

इससे आपके वेबसाइट का लोडिंग टाइम कम होगा, जो की गूगल के द्वारा रैंकिंग के लिए एक महत्वपूर्ण फैक्टर माना जाता है। 

टेक्निकल SEO में इमेज कम्प्रेशन, CSS फ़ाइल और स्ट्रक्चर्ड डेटा शामिल है। 

कंटेंट मार्केटिंग


कंटेंट मार्केटिंग में हम इंटरनेट पर उपलब्ध कराने के लिए सामग्री का निर्माण और प्रचार करते हैं। 

इसका मुख्य उद्देश्य लीड जनरेशन करना, ब्रांड वैल्यू बनाना, और वेबसाइट पर ट्रैफिक लेकर आना है।

डिजिटल मार्केटिंग में कंटेंट मार्केटिंग की महत्वपूर्ण भूमिका है। जिसमें मुखिया निम्न्लिखित हैं। 

ब्लॉग पोस्ट 

वेबसाइट पर ब्लॉग पोस्ट लिखकर आप अपनी विशेषज्ञता स्थापित कर सकते हैं। जिससे आपको लीड जनरेशन में मदत मिलेगी। 

सिर्फ यही नहीं ब्लॉग पोस्ट लिखने से आप अपने बिज़नेस पर कस्टमर का भरोसा भी पाएंगे यह आपके ऑर्गेनिक विजिटर बढ़ाने का सबसे अच्छा माध्यम है। 

ई-बुक्स और व्हाइटपेपर

ई-बुक्स और व्हाइटपेपर के माध्यम से आप अपने विजिटर को जानकारी विस्तृत में दे सकते हैं। यह आपकी बिकरी को बढ़ाने का एक कारगर तरीका है। 

इन्फोग्राफिक्स

इन्फोग्राफिक्स का मतलब है, आप अपने कंटेंट को कस्टमर को दिखा कर समझाना। 

कंटेंट को समझाने यह सबसे कारगर तरीका माना जाता है।

सोशल मीडिया मार्केटिंग


आज के समय में ज्यादातर लोग सोशल मीडिया पर मौजूद हैं, इसीलिए सोशल मीडिया मार्केटिंग आपके बिज़नेस की अवेयरनेस बढ़ाने के लिए सबसे अच्छा विकल्प है। 

और यकीन मानिये, सोशल मीडिया आपके बिज़नेस की ब्रांड वैल्यू क्रिएट करने का सबसे बेस्ट तरीका है। 

मार्केटिंग के लिए आप इन सोशल मीडिया प्लेटफार्म का इस्तेमाल कर सकते हैं।

  1. फेसबुक
  2. ट्विटर
  3. लिंक्डइन
  4. इंस्टाग्राम
  5. स्नैपचैट 
  6. पिनट्रस्ट 

अपने बिज़नेस को एक से अधिक सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर रजिस्टर करना एक सही निर्णेय होगा, ऐसा करने के लिए आपको सोशल मीडिया मैनेज टूल्स का इस्तेमाल करना होगा।

कुछ बेस्ट सोशल मीडिया टूल्स इस प्रकार हैं:-

पे-पर-क्लिक (PPC)


पे-पर-क्लिक मार्केटिंग का एक तरीका है। इसमें आप ऐड नेटवर्क के द्वारा पेड ऐड चलाते हैं। 

आपको इसमें ऐड नेटवर्क को प्रति क्लिक के ही रूपए देने होते हैं। 

PPC के सबसे सामान्य उदाहरण में से एक गूगल एड्स है, इसमें आपसे गूगल सर्च पर शीर्ष पर रखने के लिए रूपए लिए जाते हैं। 

पे-पर-क्लिक मार्केटिंग पर काम करने वाले कुछ और भी एड्स नेटवर्क हैं, जैसे की :-

फेसबुक एड्स: फेसबुक एड्स एक बहुत ही अच्छा ऐड नेटवर्क है यहां पर आप फोटो, वीडियो, और स्लाइडशो के माध्यम से अपने कस्टमर तक पहुंचते हैं। 

फेसबुक आपके पेड ऐड को, आपकी टारगेट ऑडियंस या कस्टमर के न्यूज़फ़ीड में प्रकाशित करता है। 

ट्विटर एड्स: ट्विटर पर आप अपनी टारगेट ऑडियंस के न्यूज़ फ़ीड पर अपने बिज़नेस को पे-पर-क्लिक के द्वारा प्रमोट कर सकते हो 

इसके द्वारा आप अपना बिज़नेस तेज़ी से बढ़ा सकते हैं। ट्विटर एड्स पर वेबसाइट ट्रैफ़िक, अधिक ट्विटर फोल्लोवेर्स , ट्वीट एन्गेजमेन्ट, या यहां तक कि ऐप डाउनलोड भी हो सकता है।

लिंक्डइन मैसेज: लिंक्डइन बिज़नेस से बिज़नेस उद्योग के प्रचार के लिए सबसे अच्छा प्लेटफार्म है।

यहां पर आप अपनी टारगेट ऑडियंस से डायरेक्ट मैसेज के द्वारा जुड़ सकते हैं।  

एफिलिएट मार्केटिंग


एफिलिएट मार्केटिंग में आप किसी और के प्रोडक्ट या सर्विस के लिए लीड जेनरेट करते हो। जिसमें आपको प्रति सेल्स का कुछ कमीशन प्राप्त होता है।

इससे आप बहुत अच्छा पैसा कमा सकते हो भस आपको एफिलिएट मार्केटिंग को बारीकी से समझना होगा – जो आप यहां से सीख सकते हो। 

ईमेल मार्केटिंग


ईमेल मार्केटिंग से सबसे ज्यादा लीडस् जेनरेट होती हैं। क्योंकि इसमें कंपनी अपने कस्टमर से सीधे संवाद करती है। 

इसका इस्तेमाल लीडस् जेनरेट, वेबसाइट ट्रैफिक,बिज़नेस की र्केटिंग आदि के लिए इस्तेमाल किया जाता है।

ईमेल मार्केटिंग का सबसे बड़ा चैलेंज ईमेल लिस्ट बनाना है, जिसे आप कुछ इस प्रकार से बना सकते हैं।

  • सब्सक्रिप्शन न्यूज़ लेटर के द्वारा 
  • अपने आर्टिकल के साथ फ्री में ई-बुक या ऑडियो बुक देकर

स्पोंसरड कंटेंट


स्पोंसरड कंटेंट में मार्केटिंग करने के लिए आप किसी और को रूपए देते हैं।

वह आपकी कंपनी को परमोट करने और सेल जनरेट करने के लिए कंटेंट पब्लिश करते हैं। 

इन्फ्लुएंसर मार्केटिंग स्पोंसरड कंटेंट मार्केटिंग का सबसे प्रशिद उद्धारण है। 

Digital marketing क्या काम करते है?

जैसा की नाम से ही पता चल रहा है, डिजिटल मार्केटर वो होते हैं जो डिजिटल चैनलों के माध्यम से मार्केटिंग करते हैं।

डिजिटल मार्केटर डिजिटल मार्केटिंग करने के लिए  मुफ्त (स्रर्च इंजन ऑप्टिमाइजेशन) और पेड (गूगल एड्स), दोनों का ही इस्तेमाल करते हैं।

एक अच्छे डिजिटल मार्केटिंग बिज़नेस को सभी डिजिटल चैनलों के लिए अलग रणनीति अपनानी होती है इस आर्टिकल में दिए गए टूल्स और जानकारी की मदद से कंपनी ही नहीं, बल्कि एक आदमी भी सभी डिजिटल चैनलों का इस्तेमाल कर सकता है। 

क्या Digital marketing सभी व्यवसायों के लिए काम करती है?

अगर हम इस सवाल का जवाब एक लाइन में दें तो, हाँ डिजिटल मार्केटिंग सभी व्यवसायों के लिए काम करती है। 

आज के समय में यदि आप किसी भी बिज़नेस को बड़ा करने के लिए डिजिटल मार्केटिंग का उपयोग कर सकते हो। 

इससे न ही केवल आपका पैसा और समय बचेगा बल्कि, आपके पास अनलिमिटेड ग्रोथ अपॉर्चुनिटी भी होगी। 

हालाँकि, डिजिटल मार्केटिंग सभी बिज़नेस में एक समान काम नहीं करती आपको हर तरह के बिज़नेस के लिए अलग से डिजिटल मार्केटिंग प्लान बनाना होगा,. जैसे की 

B2B बिज़नेस के लिए Digital marketing

यदि आपकी कंपनी बिजनेस-टू-बिजनेस (B2B) सेक्टर में आती है, तो आपके डिजिटल मार्केटिंग के द्वारा ऑनलाइन लीड जनरेशन पर फोकस करना होगा। 

आपको अपने डिजिटल मार्केटिंग चैनलों के द्वारा अपनी टारगेट कस्टमर के सामने अपनी ब्रांड वैल्यू बनानी होगी। 

साथ ही आपके इन्डेरिक्ट कंटेंट में ये भी सामिल होना चाहिए की आपके कस्टमर का आपके प्रोडक्ट से क्या लाभ है।

इससे आपका टारगेट कस्टमर खुद ही आपकी कंपनी को कांटेक्ट करेगा। 

B2C Business के लिए Digital marketing

अब अगर आपकी कंपनी बिजनेस-टू-कस्टमर सेक्टर में शामिल है, तो आपको कस्टमर जरनी को आसान बनाना होगा। 

कस्टमर जरनी का मतलब होता है, कस्टमर के सेल्स पेज पर आने से लेकर आपका प्रोडक्ट या सर्विस खरीदने तक का सफर।

आपका जो सेल्स पेज का कंटेंट है, वो आपके प्रोडक्ट की वैल्यू को जस्टिफाई करता हो।

यानि की, यदि कस्टमर आपको एक अमाउंट पैसे दे रहा है। तो आपके सेल्स पेज में ये होना चाहिए, की आप उस पैसे से ज्यादा वैल्यू उस कस्टमर को कैसे दे रहे हो।

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laptop se paise kaise kamaye ? लैपटॉप से पैसे कैसे कमायें?

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laptop se paise kaise kamaye
laptop se paise kaise kamaye ? लैपटॉप से पैसे कैसे कमायें?

laptop se paise kaise kamaye , आज के इस टेक्नोलॉजी के समय में laptop क्या computer होना आम बात है पर ज्यादातर लोग उसका इस्तेमाल मनोरंजन के लिए करते हैं

आज पूरी दुनिया को इंटरनेट ने बांदा हुआ है आप सिर्फ अपने लैपटॉप कंप्यूटर या मोबाइल से दुनिया के किसी भी कोने की जानकारी ले सकते हो जिसके कारण आज कई काम ऐसे हैं जो बिना लैपटॉप या कंप्यूटर के संभव ही नहीं है

आपको अब यह सुनकर आश्चर्य नहीं होगा कि आज के समय में आप अपने लैपटॉप से कमाई भी कर सकते हैं ऐसे कई सारे काम है जो आप घर बैठे अपने कंप्यूटर या लैपटॉप की मदद से कर सकते हैं 

मैं आज आपको ऐसे ही कुछ तरीके बताने वाला हूं जिसे जानने के बाद आप भी आसानी से अपने लैपटॉप की मदद से ऑनलाइन पैसा कमा सकते हैं

ब्लॉगिंग से पैसे कमाए ? make money through blogging ?

यदि आपको किसी विषय की अच्छी जानकारी है तो आप लोगों को वह जानकारी ब्लॉक के द्वारा दे सकते हैं इसके लिए आपको शुरुआत में थोड़ा मेहनत करनी होगी  एक ब्लॉग बनाना होगा 

ब्लॉक बनाने के बाद आपको उस पर लगातार अपने विषय के बारे में लिखना होगा और उसके बाद आपको उससे मनी मेकिंग ब्लॉक बनाना होगा यानी कि ऐसा ब्लॉक जिससे आपके पास पैसे आए 

ऑनलाइन लिखकर पैसे कमाए ? become a freelance writer ?

अगर आपको लिखना पसंद है तो आप दूसरों के लिए ऑनलाइन लिख सकते हो। आज के समय में आप दूसरी वेबसाइट के लिए कंटेंट लिख सकते हो और बिना किसी पैसे के घर बैठे एक अच्छी इनकम कर सकते हो। 

यदि आपके पास ब्लॉग बनाने के लिए पैसे नहीं है तो आप कांटेक्ट राइटिंग से स्टार्ट कर सकते हैं। आज ऑनलाइन कई ऐसी वेबसाइट है जहां पर आपको बिना किसी इन्वेस्टमेंट के रजिस्टर करना है जिसके बाद आपको राइटिंग प्रोजेक्ट मिलने शुरू हो जाएंगे और यदि आपने अच्छा कांटेक्ट लिख कर दिया तो आपको बल्क में आर्डर लिखने का ऑर्डर जरूर मिलेगा क्योंकि आज वेबसाइट और ब्लॉक को रोज नए कॉन्टेंट की जरूरत होती है इससे आप बहुत अच्छा रेवेन्यू जनरेट कर सकते हैं। 

यह कुछ ऐसी वेबसाइट है जिन पर आप फ्री में रजिस्टर करके ऑनलाइन लर्निंग शुरू कर सकते हैं :-

  1. Fiverr 
  2. Upwork
  3. Freelancer.com 
  4. Envato Studio 
  5. PeoplePerHour 
  6. Toptal 
  7. Guru.com
  8. DesignCrowd 
  9. Nexxt 
  10. DesignC

ऊपर दी गई 10 वेबसाइट में अगर आप किसी एक वेबसाइट पर रजिस्टर करेंगे तो आपको काम मिलने में समय लग सकता है इसीलिए आप सभी वेबसाइट पर रजिस्टर करें जिससे आपको कहीं से भी काम मिल सकता है

एफिलिएट मार्केटिंग से कमाए ऑनलाइन इनकम ? laptop se paise kaise kamaye ?

आज के समय में एफिलिएट मार्केटिंग बहुत ही पॉपुलर तरीका है एथलीट मार्केटिंग में आप ऑनलाइन प्रोडक्ट या सर्विस को बेचते हैं जिसके लिए आपको आपको बहुत अच्छा कमीशन मिलता है 

एफिलिएट मार्केटिंग करने के लिए आपके पास कोई साधन होना चाहिए जिस पर आप ऑनलाइन प्रोडक्ट या सर्विसेस को बेच सकते हैं  जैसे कि वेबसाइट ब्लॉग यूट्यूब चैनल  या सोशल मीडिया जैसे फेसबुक व्हाट्सएप .

यहां इस लिंक से आप सीख सकते हैं – Affiliate Marketing से पैसे कैसे कमाए ? 

इमेज को ऑनलाइन बेचकर करें कमाई ? Earn money by selling the image online ?

गूगल के ऊपर कोई भी वेबसाइट किसी और की इमेज को इस्तेमाल नहीं कर सकती ऐसा करने पर वेबसाइट पर कॉपीराइट आ जाता है जिसके कारण वेबसाइट गूगल पर रैंक नहीं हो पाती इसीलिए सभी ब्लॉगर  नई फोटो खरीदना पसंद करते हैं

आज के समय में हर किसी के पास स्मार्ट फोन या कैमरा होता है आप अपने स्मार्ट फोन से अच्छी फोटो खींचते हैं तो आप उन्हें ऑनलाइन बेचकर अच्छे पैसे कमा सकते हैं

हर इंसान का काम करने का तरीका अलग होता है और हर इंसान हर काम नहीं कर सकता इसीलिए आपको अपने आपको देखना चाहिए कि आप बाहर जाकर काम कर सकते हैं या फिर घर बैठे अपने मोबाइल या लैपटॉप से पैसे कमा सकते हैं यदि आप अपने अनुकूल काम करते हैं तो आप के लिए सफलता का रास्ता आसान हो जाता है